मोटाहल्दू निवासी सुन्दर कविता से दे रहे कोरोना से बचने का संदेश

विनती है मेरी की घर से बाहर मत जाना!घर के बुजुर्ग व बच्चों का खासतौर पर ध्यान रखना!! देवों की भूमि है ये हमारी चिंता…

विनती है मेरी की घर से बाहर मत जाना!
घर के बुजुर्ग व बच्चों का खासतौर पर ध्यान रखना!!

देवों की भूमि है ये हमारी चिंता ज्यादा मत करना!
बस आपसे एक विनती है घर से बाहर मत जाना!!

ऐसी विपदा आई धरा में सब यहां घबराए हैं!
होगा कोई चमत्कार यहां भी यही एक आश लगाए हैं!!

गरीब जन की मदद हेतु आगे हाथ बढ़ाना है!
इस विपरीत परिस्थिति में भी हिम्मत नहीं हारना है!!

हमारे संपूर्ण भारतवर्ष में देवताओं की ही भक्ति है!
इतिहास गवाह है मित्रों एकता में ही शक्ति है!!

आओ हम सब संकल्प लें इस महामारी को दूर भगाना है!
मानवता का परिचय देकर जनकल्याण करना है!!

मुसीबतें तो बहुत हो रही अभी हमें यह सहना है!
कुछ अराजक तत्व बढ़ रहे दूर इन्हें भगाना है!!
सोशियल डिस्टेंस का परिचय देकर कोरोना को हराना है!!

सुन्दर काण्डपाल
अध्यापक कारगिल शहीद सैनिक स्कूल मोटाहल्दू