बिग ब्रेकिंग, अल्मोड़ा : न्यायालय ने रिजॉर्ट संचालक पर लगाया 50 हजार का जुर्माना ! पढ़िये पूरी खबर सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा

0

न्यायालय ने बिना लाइसेंस व रजिस्ट्रेशन के रिजॉर्ट का संचालन करने, एक्सपायरी खाद्य पदार्थों को किचन में रखने तथा गंदगी में खाने—पीने की वस्तुओं के निर्माण के मामले में रानीखेत के रिसोर्ट पर 50 हजार रूपये का जुर्माना लगाया है।
तथ्यों के अनुसार खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभय कुमार सिंह द्वारा 15 मई, 2019 को अपने शासकीय भ्रमण के दौरान इरफान पुत्र मोहम्मद हसन व अन्य के प्रतिष्ठान में गये। निरीक्षण के दौरान मैनेजर इरफान ने बताया कि यह प्रतिष्ठान जिनसेंग ग्रुप द्वारा उन्हें लीज पर दिया गया है। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि प्रतिष्ठान में विभिन्न खाद्य पदार्थ खुली अवस्था पर रखे गये थे, जिन पर ​मक्खियों व जीवाणुओं का संक्रमण था। कूड़ेदान भी खुली व गंदी अवस्था में पाया गया। बर्तनों का भी यही हाल था। खाद्य सामग्री सोया की वैधता अवधि समाप्त हो चुकी थी। जिसके उपरांत भी उसका उपयोग किया जा रहा था। प्रतिष्ठान का संचालन प्रतिष्ठान स्वामी द्वारा खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम 2006 के अतंर्गत प्रदत्त लाइसेंस के अभाव में किया जा रहा था। जिस पर खाद्य सुरक्षा औषधी प्रशासन के खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभय कुमार सिंह द्वारा रिजॉर्ट के विरूद्ध चलान की प्रक्रिया की तथा ​अभियोग न्यायालय में दायर किया गया। जिसके बाद विक्रेता को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। जिस पर विपक्षी के नामित प्रतिनिधि द्वारा जवाब दावा पेश किया गया। सुनवाई के दौरान 27 अक्टूबर, 2020 को नामित प्रतिनिधि मयंक तिवारी द्वारा प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करते हुए अपना जुर्म कबूल करते हुए कहा गया कि यह अपराध उनसे भूलवश व जानकारी के अभाव में किया गया है। वह स्वेच्छा से अपना जुर्म स्वीकार करते हुए न्यूनतम अर्थदण्ड द्वारा मामले को निस्तारित करना चाहते हैं। इस मामले में आज अपर जिला मजिस्ट्रेट अल्मोड़ा के न्यायालय ने खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम 2006 की धारा 56 व 58 के अंतर्गत रानीखेत के मजखाली स्थित रिसोर्ट पर बिना लाइसेंस व रजिस्ट्रेशन के रिसोर्ट संचालित करने, एक्सपायरी खाद्य पदार्थों को किचन में रखने व गंदगी में खाद्य पदार्थों का निर्माण करने पर 50 हजार का जुर्माना लगाया। प्रतिष्ठान स्वामी गाजियाबाद निवासी हैं तथा रिसोर्ट मजखाली में संचालित हो रहा था। अपर जिला मजिस्ट्रेट वीएस फरमाल ने बताया कि उक्त धनराशि एक माह के भीतर राजकीय खाते में चलान के माध्यम से जमा होगी। रिजोर्ट स्वामी, मैनेजर, विक्रेता मो. इरफान, मैसर्स रोडो स्ट्रीट, जिनसेंग ग्रुप, बिसमोरिया, रानीखेत, अल्मोड़ा ने अपनी गलती मानते हुए पुनरावृत्ति नही करने की बात कही।


ADVERTISEMENTS
ADVERTISEMENTS
CNE SPECIAL एक रहस्य, जो 89 साल बाद भी कायम है
अंतरराष्ट्रीय विशेष रिपोर्ट

Amelia Earhart Mystery: 9 लाख डॉलर खर्च, पांच दिन का समुद्री सफर और अंत में निकला पेड़ों का ढेर!

उपग्रह तस्वीरों में दिखा था विमान जैसा रहस्यमयी सुराग। जांच में क्या निकला? जानिए दुनिया की सबसे चर्चित विमानन गुत्थियों में से एक की पूरी कहानी।

पूरी खबर पढ़ें