अल्मोड़ा। रानीखेत पुलिस ने बहुचर्चित छात्रवृत्ति घोटाले मामले में हापुड़ से एक यूनिवर्सिटी कर्मचारी को गिरफ्तार किया है। कोरोना महामारी के संकट बीच भी पुलिस ने गैर राज्य में दाखिल होकर इसे दबोचने में सफलता हासिल की है।
पुलिस कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार एसएसपी प्रहलाद नारायण मीणा के पर्यवेक्षण में एससी/एसटी/ओबीसी दशमोत्तर छात्रवृत्ति सम्बन्धी अनियमित्ताओं की जांच एसआईटी टीम द्वारा किये जाने के आदेश दिये गये थे। गत 10 जनवरी को कोतवाली रानीखेत में उपनिबन्धक मौनार्ड यूनिवर्सिटी हापुड़ आदि अज्ञात बिचौलियों के विरूद्ध जिला समाज कल्याण कार्यालय अल्मोड़ा से प्राप्त छात्रवृत्ति की धनराशि 14,23080 रूपये को कूटरचित दस्तावेज तैयार कर आपराधिक षडयंत्र करके गबन करने के सम्बन्ध में धारा- 409/420/467/ 468/471/120बी भादवि का अभियोग पंजीकृत कराया गया था। उक्त प्रकरण की विवेचना वरिष्ठ उनि श्रीमती बसन्ती आर्य द्वारा की जा रही थी। गहन विवेचना से अभियोग मेें संलिप्त अनुज गुप्ता पुत्र स्व. हरीश गुप्ता निवासी न्यू शिवपुरी हापुड़ उप्र जो कि मोनार्ड यूनिवर्सिटी हापुड़ का कर्मचारी हैं के मिलने के सभी सम्भावित स्थानों पर लगातार दी जा रही दबिश एवं साईबर सैल में नियुक्त कानि मोहन बोरा के सहयोग से वरिष्ठ उनि बसन्ती आर्य, कानि दिलीप, कानि दीप चन्द्र द्वारा इस कोरोना काल में अपने जान की परवाह न करते हुए अभियुक्त अनुज गुप्ता को गैर राज्य उप्र जाकर हापुड़ से गत दिवस गिरफ्तार कर लिया गया।
तीन दशकों के करीब का कार्यानुभव रखने वाले दीपक मनराल पत्रकारिता जगत का एक सम्मानित नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1996 में एक त्रैमासिक पत्रिका के सहयोगी संपादक के रूप में की थी। बीते 25 वर्षों में उन्होंने अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक आज, उत्तरांचल दीप और चारधाम टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में 'ब्यूरो प्रमुख' की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाई हैं। वर्तमान में वे 'गंगोत्री अक्षर उजाला पोस्ट' के संपादक हैं और सीएनई (CNE) मीडिया हाउस के संस्थापक व स्वामी के रूप में डिजिटल मीडिया को नई दिशा दे रहे हैं। अपनी निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारिता के लिए पहचाने जाने वाले मनराल आज भी प्रतिदिन 'ग्राउंड ज़ीरो' से जुड़कर सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।