भीमताल में गुलदार को मारने की अनुमति मिली, छोटा कैलास में आवाजाही पर रोक

भीमताल समाचार | भीमताल ब्लॉक के गांवों में लोगों के लिए खतरा बने गुलदार को मारने की अनुमति मिल गई है। पिनरो के डोब गांव…

बागेश्वर : डनफाट क्षेत्र में दिनदहाड़े आ धमके 3 गुलदार

भीमताल समाचार | भीमताल ब्लॉक के गांवों में लोगों के लिए खतरा बने गुलदार को मारने की अनुमति मिल गई है। पिनरो के डोब गांव के साथ-साथ पांच अन्य गांवों में वन विभाग की टीम समूह बनाकर गश्त कर रही है। हर एक समूह में एक बंदूक धारी तैनात किया गया है। हालांकि अब तक बाघ व गुलदार को लेकर असमंजस बना हुआ है।

गुलदार के आतंक के चलते जिला प्रशासन ने छोटा कैलास में श्रद्धालुओं की आवाजाही पर रोक लगा दी है। कुछ दिनों तक छोटा कैलास नहीं जाने की अपील की गई है। वहीं पिनरो में गुलदार को मारने के लिए विशेषज्ञ डॉ. हिमांशु पांगती और हरीश धामी को टीम के साथ तैनात किया गया है। टीम गुलदार पर नजर बनाए हुए हैं।

बीते चार दिनों में गुलदार ने तीन लोगों पर हमला किया है। जिसमें मलुवाताल की इंद्रा बेलवाल और पिनरो की पुष्पा देवी की मौत हो गई। तब से वन विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। लोगों में वन विभाग के खिलाफ नाराजगी है। वन विभाग ने घटनास्थल पर 10 कैमरे और आसपास चार पिंजरे लगा दिए हैं। लेकिन अभी तक हमलावर का कुछ पता नहीं चल पाया है।

जिला पंचायत सदस्य अनिल चनौतिया ने कहा कि जल्द आदमखोर को मारना चाहिए, ताकि क्षेत्र में कोई और घटना नहीं घटे। वन क्षेत्राधिकार मुकुल शर्मा ने बताया कि चार से पांच गांव में गश्त की जा रही है। रविवार को दिन में एक बार गुलदार जंगल की तरफ जाता हुआ दिखा, लेकिन उसके बाद से कोई लोकेशन ट्रेस नहीं हुई है। वहीं डीएफओ चंद्र शेखर जोशी ने बताया कि गुलदार को मारने की अनुमति मिल गई है। पीड़ित परिजनों को मुआवजा देने की कार्यवाही चल रही है। धनराशि आते ही चेक दे दिया जाएगा।