HomeUttarakhandBageshwarबागेश्वर: अवैध शस्त्रों पर प्रशासन का कड़ा प्रहार

बागेश्वर: अवैध शस्त्रों पर प्रशासन का कड़ा प्रहार

संदिग्ध लाइसेंसों के निरस्तीकरण और गहन चेकिंग के निर्देश

सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वर जनपद में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और अवैध हथियारों के संचालन पर पूर्ण अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने अब ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपना ली है। जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे ने कलेक्ट्रेट सभागार में अवैध शस्त्र निगरानी समिति की महत्वपूर्ण बैठक लेते हुए अधिकारियों को सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की कोताही न बरतने की सख्त हिदायत दी है।

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सीमाओं पर बढ़ेगी चौकसी, बाहरी शस्त्रों का होगा सत्यापन

जिलाधिकारी ने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जिले के सभी प्रवेश और निकास द्वारों (एंट्री-एग्जिट पॉइंट्स) पर सघन चेकिंग अभियान चलाया जाए। विशेष रूप से:

  • बाहरी राज्यों से आने वाले शस्त्र: अन्य राज्यों से बागेश्वर आने वाले व्यक्तियों के शस्त्र लाइसेंसों का विशेष सत्यापन किया जाएगा।
  • औचक निरीक्षण: जिले में संचालित सभी हथियार और गोला-बारूद की दुकानों की समय-समय पर बिना पूर्व सूचना के जांच की जाएगी।
  • कारतूसों का हिसाब: निर्धारित सीमा से अधिक कारतूस खरीदने वाले संदिग्ध व्यक्तियों पर पुलिस की खुफिया इकाई पैनी नजर रखेगी।

सीसीटीवी और डिजिटल निगरानी अनिवार्य

तकनीकी निगरानी को पुख्ता करते हुए जिलाधिकारी ने सभी गन हाउस संचालकों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अब सभी गन हाउसों में सीसीटीवी कैमरों का न्यूनतम एक वर्ष का वीडियो बैकअप सुरक्षित रखना अनिवार्य होगा। इसका उद्देश्य किसी भी आपराधिक घटना या संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तत्काल साक्ष्य उपलब्ध कराना है।

अपराधियों के लाइसेंस होंगे निरस्त

सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने पुलिस उपाधीक्षक को कड़े निर्देश दिए हैं:

  1. मासिक रिपोर्ट: आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों या शांति भंग करने वाले लाइसेंस धारकों के शस्त्र निरस्तीकरण की प्रक्रिया तेज की जाए और इसकी मासिक प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।
  2. नवीनीकरण: जिन शस्त्र लाइसेंसों का लंबे समय से नवीनीकरण नहीं हुआ है, उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत नियमित या निरस्त करने की कार्रवाई की जाए।

नाइट लाइफ और संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर

बैठक में सामाजिक शांति बनाए रखने के लिए यह निर्णय भी लिया गया कि जनपद के बार, पब और अन्य रात्रि प्रतिष्ठानों के संचालन समय का कड़ाई से पालन कराया जाएगा। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस पिकेट तैनात करने और सीसीटीवी नेटवर्क का विस्तार करने पर भी सहमति बनी।

“जनपद की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। अवैध हथियारों और संदिग्ध लाइसेंस धारकों के खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।” > — आकांक्षा कोंडे, जिलाधिकारी, बागेश्वर

इस उच्च स्तरीय बैठक में पुलिस उपाधीक्षक अजय शाह सहित राजस्व और पुलिस विभाग के तमाम वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

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Deepak Manral
Deepak Manralhttp://creativenewsexpress.com
तीन दशकों के करीब का कार्यानुभव रखने वाले दीपक मनराल पत्रकारिता जगत का एक सम्मानित नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1996 में एक त्रैमासिक पत्रिका के सहयोगी संपादक के रूप में की थी। बीते 25 वर्षों में उन्होंने अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक आज, उत्तरांचल दीप और चारधाम टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में 'ब्यूरो प्रमुख' की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाई हैं। वर्तमान में वे 'गंगोत्री अक्षर उजाला पोस्ट' के संपादक हैं और सीएनई (CNE) मीडिया हाउस के संस्थापक व स्वामी के रूप में डिजिटल मीडिया को नई दिशा दे रहे हैं। अपनी निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारिता के लिए पहचाने जाने वाले मनराल आज भी प्रतिदिन 'ग्राउंड ज़ीरो' से जुड़कर सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।
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