Bageshwar News: काम करते ढाई दशक बीते, मगर नहीं हुआ नियमितीकरण, अब होगी लड़ाई
सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वर
उत्तराखंड जलसंस्थान संविदा श्रमिक संघ ने 20 से 25 वर्षों से कार्यरत श्रमिकों के नियमितीकरण करने की मांग तेज कर दी है। उन्होंने आउटसोर्स, ठेकेदारी प्रथा, विभागीय संविदा, उपनल आदि को समायोजित करने को कहा है। ऐसा नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
सोमवार को संघ ने अधिशासी अभियंता को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि जलसंस्थान में 25 वर्षों से काम कर रहे श्रमिकों की आयु सीमा पार हो गई है। विभाग के रिक्त पदों पर वरिष्ठता के आधार पर उन्हें नियमित नियुक्ति प्रदान की जाए। उन्होंने कहा कि समान कार्य के लिए उन्हें वेतन भी समान मिलना चाहिए। इसके अलावा साप्ताहिक अवकाश का लाभ भी उन्हें मिलना चाहिए। यदि ऐसा नहीं होता है तो अतिरिक्त कार्य के लिए वेतन भी अलग से दिया जाए।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में महंगाई के कारण श्रमिक परेशान हैं। आउटसोर्स, ठेकेदारी प्रथा श्रमिकों को न्यूनतम मजदूरी दे रही है। जिसे बढ़ाकर 23 से 25 हजार रुपये किया जाए। उन्होंने कहा कि लंबे समय से वह मांगों को लेकर आंदोलित हैं। लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। इस दौरान शाखाध्यक्ष देवेंद्र बिष्ट, नवीन चंद्र पांडे आदि मौजूद थे।