रिकॉर्ड तोड़ बिक्री से हर सेक्टर गुलजार
हाइलाइट्स, डबल दीपावली बूम !
- 20 और 21 अक्टूबर को दो दिन मनाई गई दीपावली, जिससे व्यापारियों को मिला ‘डबल लाभ’।
- बाजारों में लगातार दो दिन रही जबरदस्त भीड़, खरीदारी में आया बंपर उछाल।
- मानसून की मंदी के बाद त्योहार बना ‘ऑक्सीजन’, व्यापारियों के चेहरे पर लौटी रौनक।
- जीएसटी में बदलाव और मजबूत परचेजिंग पावर ने बिक्री को दिया जोरदार बूस्ट।
- सिर्फ ज्वेलरी नहीं, ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स समेत हर सेक्टर में दिखा ‘बूम’।
देहरादून: देशभर में इस बार की दीपावली ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। 20 और 21 अक्टूबर को लेकर चले धार्मिक असमंजस के कारण भले ही कुछ स्थानों पर लोगों ने अलग-अलग दिन त्योहार मनाया हो, लेकिन इसका सबसे बड़ा फायदा देश के व्यापारी वर्ग को मिला है। दो दिनों तक चली इस उत्सव की धूम ने बाजारों में अप्रत्याशित भीड़ ला दी, जिससे बिक्री के सारे रिकॉर्ड टूट गए।

दो दिन की दीपावली: व्यापारियों के लिए वरदान
बाजारों की रौनक आज (21 अक्टूबर) भी बरकरार है, जो इस बात का स्पष्ट संकेत है कि लोग लगातार दो दिन खरीदारी के मूड में हैं। यह ‘डबल दीपावली’ व्यापारियों के लिए एक वरदान साबित हुई है। देहरादून समेत देश के तमाम हिस्सों के बाजारों में उमड़ी यह भीड़ साफ बता रही है कि इस बार लोगों ने बढ़-चढ़कर त्योहार का स्वागत किया है और जमकर खरीदारी की है। व्यापारी वर्ग इस अप्रत्याशित उछाल से बेहद उत्साहित है।
मंदी से उबारा: त्योहार ने किया ‘ऑक्सीजन’ का काम
ईटीवी भारत से बातचीत में कई व्यापारियों ने स्वीकार किया कि इस दीपावली ने उनके व्यापार में ‘ऑक्सीजन’ का संचार किया है। मानसून की लंबी अवधि और मौसम की अनिश्चितताओं के कारण उनका कारोबार कुछ समय से मंदा चल रहा था। लेकिन त्योहारी सीजन शुरू होते ही ग्राहकों की भीड़ लौटी और व्यापार को जबरदस्त गति मिली।
जीएसटी राहत और परचेजिंग पावर में उछाल
व्यापारियों के अनुसार, दिवाली की बंपर बिक्री के पीछे एक और बड़ा कारण रहा है- जीएसटी स्लैब में बदलाव। पिछले महीने केंद्र सरकार द्वारा किए गए इन बदलावों से ग्राहकों को कुछ राहत मिली, जिसका सीधा असर उनकी परचेजिंग पावर पर दिखा। इस राहत और सनातन परंपरा के प्रति लोगों के उत्साह ने मिलकर खरीदारी के माहौल को और मजबूत बनाया।
ऑटोमोबाइल से ज्वेलरी तक, हर सेक्टर में बूम
दीपावली का सकारात्मक असर किसी एक सेक्टर तक सीमित नहीं रहा। व्यापारियों का कहना है कि यह एक ऐसा त्योहार है जो हर सेक्टर को प्रभावित करता है। महंगे होते सोने-चांदी के रेट के बावजूद लोगों ने जमकर ज्वेलरी खरीदी। इसके अलावा, ऑटोमोबाइल सेक्टर और इलेक्ट्रॉनिक सेक्टर में भी रिकॉर्ड बिक्री दर्ज की गई है। कई व्यापारियों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि लोगों की मजबूत परचेजिंग पावर ने इस दीपावली को उनके लिए चेहरा खिलाने वाला त्योहार बना दिया है।

