बहनोई के साथ हलाला की शर्त रखने का आरोप
CNE REPORTER, देहरादून। तीन तलाक के बाद वैवाहिक रिश्ते को दोबारा जोड़ने की कोशिश कर रही एक महिला ने अपने पति पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। पटेल नगर थाना क्षेत्र में सामने आए इस मामले में महिला का आरोप है कि पति ने उसे दोबारा पत्नी के रूप में स्वीकार करने से पहले अपने बहनोई के साथ कथित तौर पर ‘हलाला’ की प्रक्रिया से गुजरने की शर्त रख दी। महिला के मुताबिक, पति लगातार उस पर इस शर्त को स्वीकार करने के लिए दबाव बनाता रहा।
मामले की शिकायत मिलने के बाद पटेल नगर थाना पुलिस ने पति फरमान और उसके परिजनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने फरमान को गिरफ्तार कर लिया है। प्रकरण की जांच उपनिरीक्षक नीमा को सौंपी गई है।

दो साल पहले हुई थी शादी
पुलिस को दी गई तहरीर में पीड़िता ने बताया कि करीब दो वर्ष पूर्व उसका निकाह किरतपुर, बिजनौर निवासी फरमान के साथ हुआ था। शादी के बाद पति उसे देहरादून ले आया और दोनों आजाद कॉलोनी में किराए के मकान में रहने लगे। महिला की मां और बहन भी आसपास किराए के मकान में रहती थीं।
पीड़िता का आरोप है कि करीब तीन महीने पहले उसके पति ने उसे तीन तलाक दे दिया। उस समय उसकी बहन भी मौके पर मौजूद थी। तलाक के बाद वह मायके चली गई, लेकिन इसके बावजूद उसने अपना वैवाहिक जीवन बचाने और पति के साथ दोबारा घर बसाने की कोशिश नहीं छोड़ी।
पति के घर पहुंची तो कथित तौर पर हुई मारपीट
महिला के अनुसार, 14 जुलाई को वह पति के गांव स्थित घर पहुंची। उसने पति और ससुराल पक्ष से तलाक वापस लेकर उसे दोबारा साथ रखने की गुहार लगाई। आरोप है कि उसकी बात सुनने के बजाय ससुराल पक्ष के लोगों ने उसके साथ मारपीट की और उसे घर से बाहर निकाल दिया।
इसके बाद महिला देहरादून लौट आई और अपनी बहनों के साथ रहने लगी।
कुछ दिन बाद पति आया और मांगी माफी
तहरीर के मुताबिक, घटना के कुछ दिन बाद फरमान देहरादून में महिला के पास पहुंचा। उसने कथित तौर पर माफी मांगी और दोबारा साथ रहने की बात कही। महिला को लगा कि शायद उसका वैवाहिक जीवन फिर से पटरी पर आ सकता है।
लेकिन पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद पति ने ऐसी शर्त रखी, जिसने पूरे मामले को गंभीर बना दिया।
“साथ रहना है तो पहले बहनोई के साथ ‘हलाला’ करो”
महिला ने पुलिस को दिए बयान में आरोप लगाया कि फरमान उससे बार-बार कहता था कि यदि वह दोबारा उसकी पत्नी बनकर रहना चाहती है तो पहले उसके बहनोई के साथ कथित ‘हलाला’ की प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
पीड़िता का कहना है कि वह इस शर्त के लिए तैयार नहीं थी, इसके बावजूद उस पर लगातार दबाव बनाया जाता रहा। महिला के अनुसार, इस कथित दबाव ने उसे मानसिक रूप से बेहद परेशान कर दिया और वह खुद को असुरक्षित महसूस करने लगी।
दबाव, धमकी और जबरदस्ती से मुक्ति की मांग
पीड़िता ने पुलिस से कहा है कि वह किसी भी प्रकार के दबाव, धमकी अथवा जबरदस्ती के बजाय अपनी इच्छा और स्वतंत्रता के अनुसार जीवन जीना चाहती है। उसने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने के साथ आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
मोबाइल संदेश और कॉल रिकॉर्डिंग बन सकते हैं अहम साक्ष्य
महिला ने पुलिस से मामले से जुड़े मोबाइल संदेशों, कॉल रिकॉर्डिंग और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कराने का भी अनुरोध किया है। उसका कहना है कि इन माध्यमों से उस पर कथित रूप से बनाए गए दबाव और बातचीत की वास्तविकता सामने आ सकती है।
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है। अब जांच में महिला द्वारा लगाए गए आरोपों, उपलब्ध इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और अन्य संबंधित तथ्यों की पड़ताल की जाएगी।
नोट: समाचार में लगाए गए आरोप पीड़िता की शिकायत/तहरीर पर आधारित हैं। आरोपों की अंतिम पुष्टि पुलिस जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।




