👉 शिल्पकार समाज ने एकजुट होकर लिया निर्णय, 21 सूत्रीय प्रस्ताव होगा तैयार
सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा: इस बार शिल्पकार समाज अल्मोड़ा ने आगामी 24 सितंबर 2025 को द्योलीडांडा शताब्दी समारोह आयोजित करने का निर्णय लिया है। इसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इसी क्रम में यहां नगर निगम सभागार में द्योलीडांडा शताब्दी समारोह समिति ने बैठक कर विस्तृत जानकारी दी।
जब शिल्पकार समाज जुटा था
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कार्यक्रम संयोजक संजय कुमार टम्टा ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि सौ साल पहले 24 सितंबर को अल्मोड़ा के द्योलीडांडा मैदान में मुंशी हरिप्रसाद टम्टा के नेतृत्व में शिल्पकार समाज के अधिकारों को लेकर सम्मेलन आयोजित किया था। इस वृहद सम्मेलन में कुमाऊं और गढ़वाल से करीब 10 हजार से अधिक लोगों ने शिरकत की थी। उन्होंने बताया कि गहन मंथन के बाद इस सम्मेलन के बाद तत्कालीन डिप्टी कलेक्टर चक्रधर जुयाल एम, डिप्टी कमिश्नर एयरटेल को जरिये ब्रिटिश सरकार को शिल्पकारों के मानवाधिकारों से संबंधित 21 बिंदुओं का एक प्रस्ताव भेजा था। प्रस्ताव में शिल्पकार समाज के लिए प्रारंभिक शिक्षा को अनिवार्य करने, शिल्प कलाओं का काम करने वाली 51 जातियों को शिल्पकार नाम देने, म्युनिसिपालिटी और जिला बोर्ड में शिल्पकार समाज को प्रतिनिधित्व देने, पुलिस व सरकारी सेवाओं में भर्ती करने, भूमिहीनों को भूमि देने जैसी मांगें शामिल रहीं।
ये हुआ था प्रस्तावों का असर
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टम्टा ने बताया कि उक्त प्रस्ताव के फलस्वरूप ही ब्रिटिश सरकार ने शिल्पकार क्षेत्रों में कृष्ण डे और कृष्णा नाइट के नाम से 151 प्राथमिक विद्यालय खोले गए थे और 30 हजार से अधिक भूमिहीन शिल्पकारों को भूमि प्रदान की थी। इसके अलावा पारंपरिक रूप से शिल्पकलाओं का कार्य करने वाली 51 जातियों को शिल्पकार नाम देते हुए 1931 की जनगणना में शामिल किया गया। उन्होंने बताया कि 24 सितंबर 1925 इतिहास में पहली बार शिल्पकार समाज संगठित हुआ था। उन्होंने बताया कि इसी सम्मेलन की स्मृति में आगामी 24 सितंबर 2025 को द्योलीडांडा शताब्दी समारोह समिति के बैनर तले ऐतिहासिक सम्मेलन मनाने का निर्णय लिया गया है। जिसे धूमधाम के साथ मनाया जाएगा। इस समारोह में प्रदेश भर से शिल्पकार समाज के नेता शिरति करेंगे। समारोह में पिछले 100 सालों के प्रस्तावों का मूल्यांकन एवं वर्तमान में शिल्पकार समाज की चुनौतियों पर विचार विमर्श किया जाएगा और केंद्र और राज्य सरकारों को 21 बिंदुओं का प्रस्ताव दिया जाएगा। सम्मेलन की आगामी तैयारी को लेकर पुनः 31 अगस्त को बैठक आहूत की गई है।
बैठक में उपस्थिति
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बैठक की अध्यक्षता दयाशंकर टम्टा व संचालन सावन टम्टा ने किया।कार्यक्रम में लल्लू लाल, एमसी आर्या, एडवोकेट महेश प्रसाद टम्टा, नंद किशोर टम्टा, सुंदरलाल आर्य, दीपेश टम्टा, प्रकाश चंद्र आर्या, शैलेंद्र टम्टा, ध्रुव टम्टा, सुभाष चंद्र, किशन लाल, राजेंद्र कुमार, सुरेश चंद्र टम्टा, अखिलेश टम्टा, किशन लाल, दीपक कुमार, राजेन्द्र प्रसाद, नवीन चंद्र, मनोज कुमार, नारायण राम, डाॅ दिवाकर टम्टा, शैलेंद्र टम्टा सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।

