मल्लीताल पुलिस ने ढूंढकर सौंपा
सीएनई रिपोर्टर, नैनीताल। कोतवाली मल्लीताल पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए राजस्थान से आई एक महिला पर्यटक का खोया हुआ कीमती मंगलसूत्र ढूंढ निकाला। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई और सेवा भाव से गदगद होकर पर्यटक दंपति ने उत्तराखंड पुलिस का दिल से आभार व्यक्त किया है।

मिली जानकारी के अनुसार, राजस्थान के पाली जिले की रहने वाली डॉ. टीना राव अपने पति श्री राजेश राव के साथ इन दिनों नैनीताल और मसूरी के भ्रमण पर आई हुई थीं। नैनीताल प्रवास के दौरान यह दंपति बाबा नीम करौली के प्रसिद्ध धाम ‘कैंची धाम’ दर्शन करने के लिए गया था।
दर्शन करने के बाद जब वे वापस अपने होटल लौटे, तो डॉ. टीना राव को अहसास हुआ कि उनके गले का मंगलसूत्र कहीं गिर गया है। काफी खोजबीन करने के बाद भी जब मंगलसूत्र का कहीं पता नहीं चला, तो उन्होंने इसकी जानकारी अपने पति को दी। इसके बाद बिना समय गंवाए मामले की सूचना कोतवाली मल्लीताल पुलिस को दी गई।
सूचना मिलते ही एक्शन में आई मल्लीताल पुलिस
पर्यटक का मंगलसूत्र गुम होने की सूचना मिलते ही मल्लीताल पुलिस तत्काल सक्रिय हो गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रभारी निरीक्षक कोतवाली मल्लीताल राजेंद्र सिंह रावत एवं कांस्टेबल शाहिद अली ने मोर्चा संभाला।
पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संभावित स्थानों पर आवश्यक पूछताछ और सघन खोजबीन अभियान शुरू किया। पुलिसकर्मियों के निरंतर प्रयासों, कड़ी मेहनत और कर्तव्यनिष्ठा के परिणामस्वरूप आखिरकार गुम हुआ मंगलसूत्र सकुशल बरामद कर लिया गया, जिसे कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद डॉ. टीना राव को सौंप दिया गया।
अपना खोया हुआ मंगलसूत्र वापस पाकर डॉ. टीना राव की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने बताया कि मंगलसूत्र खोने के बाद उन्होंने इसके मिलने की उम्मीद पूरी तरह छोड़ दी थी। राजस्थान से इतनी दूर आकर दोबारा खोजबीन करना उनके लिए व्यावहारिक रूप से संभव नहीं था। लेकिन मल्लीताल पुलिस ने न केवल उन्हें ढांढस बंधाया, बल्कि यह भरोसा भी दिलाया कि ‘उत्तराखंड मित्र पुलिस’ हर कदम पर पर्यटकों के साथ है। पुलिस की इसी तत्परता और संवेदनशील कार्यशैली ने उनका दिल जीत लिया।
सुखद यादें लेकर राजस्थान रवाना हुआ दंपति
डॉ. टीना राव और उनके पति राजेश राव ने उत्तराखंड पुलिस, विशेषकर प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह रावत और कांस्टेबल शाहिद अली का सहृदय धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि वे नैनीताल और उत्तराखंड से बेहद सुखद और कभी न भूलने वाली यादें लेकर अपने राज्य लौट रहे हैं। उत्तराखंड पुलिस का यह मददगार और सराहनीय रवैया उनके जीवन की सबसे खूबसूरत यादों में से एक रहेगा।


