➤ अतिक्रमण: एक मकान ध्वस्त, गुहार में बाकियों को दी एक सप्ताह की मोहलत
➤ करीब एक घंटे तक मची अफरा-तफरी, प्रशासन बोला- कार्रवाई हर हाल में होगी

सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वर: हाइकोर्ट के आदेश के बाद शनिवार को गरुड़ क्षेत्र में तहसील प्रशासन का बुल्डोजर चला। एक मकान ध्वस्त भी किया गया, बाद में कुछ लोगों ने प्रशासन से एक सप्ताह का समय मांगा है, ताकि वह घर के अंदर रखे सामान को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा सके। एक घंटे तक हाई वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। उसके बाद प्रशासन ने एक सप्ताह का समय दे दिया है। अब एक सप्ताह के बाद कार्रवाई होगी।
मालूम हो कि स्थानीय युवक ने अतिक्रमण के खिलाफ हाईकोर्ट में रीट दायर की थी। सुनवाई के बाद 58 अतिक्रमण चिह्नित किए गए । इसमें से पांच अतिक्रमण को हटाए जाने के आदेश हाईकोर्ट दे दिए हैं। कोर्ट के आदेश का पालन करते हुए शनिवार को प्रशासन सुबह से ही अलर्ट हो गया। तहसीलदार निशा रानी के नेतृत्व में ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू हुई। सबसे पहले प्रशासन ने प्रकाश सिंह पुत्र मंगल सिंह का अर्ध निर्मित भवन पर बुल्डोजर चलाया। उसके बाद कुंवर सिंह थायत के मकान पर बुलडोजर चलने ही वाला था। कुंवर सिंह थायत अपने मकान की छत पर खड़े हो गए। उन्होंने प्रशासन से एक सप्ताह का समय मांगा, कुंवर सिंह ने कहा आज अपनी ही जमीन पर हम बेगाने हो गए।
कुंवर सिंह के पक्ष में राजनैतिक प्रतिनिधि भी खड़े हो गए। प्रशासन के हाई वोल्टेज ड्रामा के बाद एक सप्ताह का समय दिया। इसके बाद वहां सुबह से जो अफरा-तफरी का माहौल बना था, वह शांत हो गया। तहसीलदार गरुड़ ने कहा कि 2019 में सभी को बेदखली का नोटिस दिया था। कोर्ट का आदेश है कार्रवाई तो हर हाल में होगी। फिलहाल लोगों को सामान हटाने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है। उसके बाद पुन: कार्रवाई होगी। इस मौके पर प्रकाश सिंह, तारा सिंह रावत, शिव सिंह, बचे सिंह तथा कुंवर सिंह थायत आदि मौजूद रहे।


