







सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा : अल्मोड़ा जनपद के प्रभारी सचिव एवं लोक निर्माण विभाग के प्रभारी सचिव डॉ० पंकज कुमार पांडेय ने जिले में चल रहे विकास कार्यों की धीमी प्रगति पर अपनी नाराज़गी व्यक्त की है और अधिकारियों को कार्य की गति तेज करने के लिए सख्त निर्देश दिए हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि उन्होंने साफ किया कि विकास कार्यों के लिए धन की कमी नहीं होगी, बशर्ते योजनाएँ परिणामदायी और जनहित में हों।
प्रभारी सचिव डॉ० पांडेय ने आज विकास भवन सभागार में राज्य सेक्टर, केंद्र सेक्टर एवं जिला योजना के अंतर्गत संचालित कार्यक्रमों तथा भारत सरकार के प्रमुख फ्लैगशिप कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा के दौरान, उन्होंने विशेष रूप से लोक निर्माण विभाग के अधीन निर्माणाधीन कार्यों में अनावश्यक देरी पर कड़ा असंतोष जाहिर किया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी योजनाओं के तहत स्वीकृत बजट का समुचित उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि विकास कार्यों का परिणाम धरातल पर स्पष्ट दिखाई दे।
परिणाम आधारित कार्य और नवाचार पर ज़ोर
प्रभारी सचिव ने अधिकारियों से कहा कि आपके निर्णय इस प्रदेश का भविष्य तय करेंगे। लिहाज़ा, यह सुनिश्चित करें कि आपके कार्य परिणाम आधारित हों और राज्य की प्रगति में आपका योगदान स्पष्ट रूप से परिलक्षित हो।
यही नहीं, उन्होंने अधिकारियों से नवाचार को प्रोत्साहन देने और भविष्योन्मुखी योजनाओं पर विचार करने का आग्रह किया। डॉ० पांडेय ने स्पष्ट किया कि राज्य को आगे ले जाने के लिए हर अधिकारी-कर्मचारी की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।
महत्वपूर्ण विभागों को तत्परता से काम करने के निर्देश
उन्होंने शिक्षा, पेयजल, समाज कल्याण और निर्माण विभाग जैसे महत्वपूर्ण विभागों को तत्परता एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उदाहरण के लिए, उन्होंने कहा कि योजनाएँ बनाते समय धरातलीय परिस्थितियों का गंभीर अध्ययन किया जाए, ताकि योजनाएँ व्यावहारिक हों और आर्थिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ आय का साधन भी बनें।
लापरवाही बर्दाश्त नहीं: जिलाधिकारी
बैठक के समापन पर, जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने सभी विभागीय अधिकारियों को प्रभारी सचिव के निर्देशों का तत्काल अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। अंत में, उन्होंने सख्त चेतावनी दी कि वह स्वयं इन कार्यों की समयबद्ध समीक्षा करेंगे, और किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी रामजीशरण शर्मा, अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र और जिला विकास अधिकारी एस.के. पंत सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।












