Bageshwar Breaking: 18 घंटे बिजली के बिना रहे 110 गांव
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—विधायक बिजली व्यवस्था सुधारने का भरोसा दे गए, उनके जाते ही बिजली भी चले गई
सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वर
बिजली की लाइन में चीड़ का पेड़ गिरने से दुग-नाकुरी तहसील के करीब 110 गांव अंधेरे में डूबे रहे। सबसे अधिक परेशानी उन लोगों को उठानी पड़ी, जहां शादी समारोह चल रहे थे। ग्रामीणों ने इसकी सूचना विभाग को दे दी है। शनिवार को कर्मचारियों ने टूटी लाइन ठीक की और 18 घंटे बाद व्यवस्था सुचारू हो पाई।
शुक्रवार को दुग-नाकुरी क्षेत्र में क्षेत्रीय विधायक सुरेश गड़िया का भ्रमण कार्यक्रम था। इस दौरान उन्होंने लोगों की समस्याएं सुनीं। लोगों ने बिजली कटौती से लेकर अन्य समस्याओं को प्राथमिकता से रखा। उन्होंने व्यवस्था सुधारने का आश्वासन दिया। जैसे ही साढ़े पांच बजे विधायक वहां से रवाना हुए, तो क्षेत्र के बिजली गुल हो गई और रातभर नहीं आई। लोगों ने पूरी रात अंधेरे में काटी।
बिजली के अभाव में सुबह तक लोगों के फोन बंद होने शुरू हो गए। बिजली के उपकरण शोपीस बनकर रह गए। ग्रामीणों ने इसकी सूचना ऊर्जा निगम को दी। सुबह छह बजे से कर्मचारी फॉल्ट ढूंढने में लगे, लेकिन सफलता नहीं मिली। करीब दस बजे फॉल्ट मिला। दोफाड़ के पास एक चीड़ का पेड़ बिजली की लाइन में गिरा था। जिस कारण तार टूट गए थे और आपूर्ति भंग हो गई थी। ऊर्जा निगम के ईई विवेक कांडपाल ने बताया कि तूफान के कारण लाइन में दिक्कत आ गई थी। उसे ठीक कर लिया है। 12 बजे करीब आपूर्ति बहाल हो गई है।