HomeUttarakhandNainitalबेटियों के स्कूल में ‘गुरु’ का इंतजार! 14 पद खाली

बेटियों के स्कूल में ‘गुरु’ का इंतजार! 14 पद खाली

छात्राओं ने उठाई आवाज—‘शिक्षक नहीं तो भविष्य कैसे संवरेगा?’

सीएनई रिपोर्टर, सुयालबाड़ी/गरमपानी। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज बेतालघाट में लंबे समय से शिक्षकों के पद रिक्त होने का मामला अब छात्राओं की आवाज के रूप में सामने आने लगा है। विद्यालय में पर्याप्त संख्या में शिक्षक उपलब्ध नहीं होने के कारण छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। इससे परेशान कक्षा 10वीं, 11वीं और 12वीं की छात्राओं ने गुरुवार को विद्यालय की छुट्टी के बाद शिव मंदिर प्रांगण में एकत्र होकर सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया।

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छात्राओं ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ ही सत्ता में बैठे जनप्रतिनिधियों तक अपनी आवाज पहुंचाते हुए सवाल उठाया कि जब विद्यालय में पढ़ाने के लिए पर्याप्त शिक्षक ही नहीं होंगे तो बेटियों का भविष्य कैसे संवरेगा?

इंटर स्तर के सभी 9 प्रवक्ता पद रिक्त

विद्यालय में शिक्षकों की कमी की स्थिति कितनी गंभीर है, इसका अंदाजा उपलब्ध पद विवरण से लगाया जा सकता है। जानकारी के अनुसार इंटर स्तर पर स्वीकृत प्रवक्ताओं के सभी 9 पद रिक्त चल रहे हैं। वहीं स्नातक स्तर पर स्वीकृत 10 पदों में से 5 पदों पर शिक्षक उपलब्ध नहीं हैं।

इस तरह विद्यालय में कुल 14 शिक्षकीय पद रिक्त बताए जा रहे हैं। शिक्षकों की कमी के चलते कुछ विषयों की पढ़ाई अतिथि एवं पीटीआर शिक्षकों के सहारे संचालित की जा रही है।

छात्राओं और अभिभावकों का कहना है कि अतिथि अथवा वैकल्पिक व्यवस्था लंबे समय तक नियमित शिक्षण व्यवस्था का स्थायी विकल्प नहीं हो सकती। विद्यालय में विषयवार पर्याप्त शिक्षक नहीं होने का सीधा असर छात्राओं की पढ़ाई और शैक्षणिक तैयारी पर पड़ रहा है।

‘शिक्षक ही नहीं होंगे तो बेटियों का भविष्य कैसे संवरेगा?’

सांकेतिक प्रदर्शन के दौरान छात्राओं ने सरकार और शिक्षा विभाग से रिक्त पदों पर तत्काल नियुक्तियां किए जाने की मांग की। छात्राओं का कहना था कि वे विद्यालय में पढ़ाई करने आती हैं और अपने बेहतर भविष्य के लिए मेहनत करना चाहती हैं, लेकिन शिक्षकों की कमी उनकी पढ़ाई के सामने बड़ी बाधा बन रही है।

विशेष रूप से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट कक्षाओं की छात्राओं के लिए यह स्थिति अधिक चिंता का विषय है, क्योंकि बोर्ड परीक्षाओं के साथ ही आगे की उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का आधार इन्हीं कक्षाओं में तैयार होता है।

कई महीनों से अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं: शेखर दानी

ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष शेखर दानी ने विद्यालय में शिक्षकों की कमी को गंभीर जनहित का विषय बताते हुए कहा कि शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर वह पिछले कई महीनों से शिक्षा विभाग के अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि कई बार छात्राओं के भविष्य के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ आवाज उठाई गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया। उनका कहना था कि जिन बेटियों के हाथों में किताब-कॉपियां होनी चाहिए और जिन्हें पूरी लगन के साथ अपनी पढ़ाई करनी चाहिए, आज उन्हें अपने शिक्षा के अधिकार और बेहतर भविष्य के लिए आवाज उठाने को मजबूर होना पड़ रहा है।

उन्होंने छात्राओं के सांकेतिक प्रदर्शन को सरकार और शिक्षा विभाग के लिए एक महत्वपूर्ण संदेश बताते हुए कहा कि अब इस समस्या को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

‘बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना सरकार की जिम्मेदारी’

शेखर दानी ने कहा कि बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। किसी विद्यालय में वर्षों तक शिक्षकों के पद खाली रहना छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ के समान है।

उन्होंने सरकार से सभी 14 रिक्त शिक्षकीय पदों पर तत्काल नियुक्ति किए जाने की मांग की, ताकि विद्यालय की शिक्षण व्यवस्था को सुचारु किया जा सके और छात्राओं को नियमित एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।

अभिभावकों में भी चिंता, स्थायी समाधान की मांग

विद्यालय में शिक्षकों की कमी को लेकर अभिभावकों में भी चिंता बनी हुई है। उनका कहना है कि बेटियों की शिक्षा के लिए अभिभावक दूर-दराज से उन्हें विद्यालय भेजते हैं, लेकिन यदि विद्यालय में पर्याप्त शिक्षक ही नहीं होंगे तो छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित होना स्वाभाविक है।

अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से केवल अस्थायी व्यवस्था करने के बजाय विषयवार नियमित शिक्षकों की नियुक्ति किए जाने की मांग की है, ताकि विद्यालय में लंबे समय से चली आ रही समस्या का स्थायी समाधान हो सके।

छात्राओं का प्रदर्शन बना बड़ा सवाल

राजकीय बालिका इंटर कॉलेज बेतालघाट की छात्राओं द्वारा छुट्टी के बाद किया गया यह सांकेतिक प्रदर्शन महज विरोध नहीं, बल्कि क्षेत्र की शिक्षा व्यवस्था को लेकर उठाया गया एक गंभीर सवाल है। छात्राओं की मांग है कि उन्हें भी अन्य विद्यालयों की तरह पर्याप्त शिक्षक, नियमित कक्षाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अवसर मिले।

अब देखना यह है कि छात्राओं की इस आवाज पर शिक्षा विभाग और सरकार कितनी शीघ्र कार्रवाई करती है और वर्षों से रिक्त चल रहे शिक्षकीय पदों पर नियुक्ति कब तक हो पाती है।

प्रमुख मांगें

  • राजकीय बालिका इंटर कॉलेज बेतालघाट में रिक्त 14 शिक्षकीय पदों पर तत्काल नियुक्ति
  • इंटर स्तर के रिक्त 9 प्रवक्ता पदों को भरना
  • स्नातक स्तर के रिक्त 5 पदों पर नियमित शिक्षकों की तैनाती
  • अतिथि एवं वैकल्पिक शिक्षकों पर निर्भरता कम कर स्थायी शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित करना।
  • छात्राओं की पढ़ाई को प्रभावित कर रही शिक्षक कमी का स्थायी समाधान।

इस दौरान पीटीए अध्यक्ष जीवंती देवी, चम्पा बोहरा, सुरेश चन्द्र सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

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Deepak Manral
Deepak Manralhttp://creativenewsexpress.com
तीन दशकों के करीब का कार्यानुभव रखने वाले दीपक मनराल पत्रकारिता जगत का एक सम्मानित नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1996 में एक त्रैमासिक पत्रिका के सहयोगी संपादक के रूप में की थी। बीते 25 वर्षों में उन्होंने अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक आज, उत्तरांचल दीप और चारधाम टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में 'ब्यूरो प्रमुख' की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाई हैं। वर्तमान में वे 'गंगोत्री अक्षर उजाला पोस्ट' के संपादक हैं और सीएनई (CNE) मीडिया हाउस के संस्थापक व स्वामी के रूप में डिजिटल मीडिया को नई दिशा दे रहे हैं। अपनी निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारिता के लिए पहचाने जाने वाले मनराल आज भी प्रतिदिन 'ग्राउंड ज़ीरो' से जुड़कर सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।
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