ऐसे ग्राहक को फंसाते थे आरोपी….
नाबालिग भी बरामद; 6 गिरफ्तार
CNE REPORTER, देहरादून। राजधानी देहरादून में किराए के मकान की आड़ में चल रहे सेक्स रैकेट के धंधे का पटेलनगर पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। हरभजवाला क्षेत्र स्थित नीलकंठ एनक्लेव में पुलिस की अचानक हुई कार्रवाई से हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके से गिरोह के कथित मुख्य सरगना सहित छह लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में तीन महिलाएं भी शामिल हैं। कार्रवाई के दौरान पुलिस को एक नाबालिग युवती भी मिली, जिसे रेस्क्यू कर सुरक्षित संरक्षण में लिया गया है।
पुलिस के अनुसार, गिरोह का संचालन कथित तौर पर मनीष कुमार लखेड़ा कर रहा था। आरोप है कि उसने देह व्यापार के लिए किराए पर कमरा लिया हुआ था और दिल्ली तथा आसपास के क्षेत्रों से महिलाओं को बुलाकर ग्राहकों तक पहुंचाने का नेटवर्क बना रखा था। पुलिस को मौके से आपत्तिजनक सामग्री, दवाइयां तथा कथित तौर पर देह व्यापार से प्राप्त 18 हजार रुपये नकद बरामद हुए हैं।
गुप्त सूचना के बाद पुलिस ने बनाया ऑपरेशन
मामले का खुलासा एक अक्टूबर को उस समय हुआ, जब पटेलनगर पुलिस को सूचना मिली कि हरभजवाला स्थित नीलकंठ एनक्लेव के एक किराए के मकान में देह व्यापार (सेक्स रैकेट) संचालित किया जा रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पटेलनगर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक नरेश सिंह राठौड़ के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई।
टीम ने बताए गए मकान पर अचानक दबिश दी। पुलिस के पहुंचते ही वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने मौके से तीन महिलाओं और तीन पुरुषों को पकड़ा। पुलिस के मुताबिक, तीन युवक आपत्तिजनक स्थिति में मिले थे।
पूछताछ में पुलिस के सामने गिरोह के काम करने का कथित तरीका सामने आया। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी मनीष किराए के मकान में महिलाओं को ठहराता था। इसके बाद मोबाइल फोन और व्हाट्सऐप के माध्यम से ग्राहकों से संपर्क किया जाता था।
ग्राहकों को महिलाओं की तस्वीरें भेजी जाती थीं और उनकी पसंद के आधार पर महिला को या तो किराए के कमरे में बुलाया जाता था अथवा ग्राहक द्वारा बताए गए स्थान पर भेजे जाने की व्यवस्था की जाती थी। इस तरह पूरा नेटवर्क मोबाइल फोन और व्हाट्सऐप के जरिए संचालित किए जाने की बात पुलिस जांच में सामने आई है।
मसूरी घुमाने के बहाने लाई गई नाबालिग, विरोध पर कमरे में रोकने का आरोप
छापेमारी के दौरान मिली नाबालिग युवती ने पुलिस को जो जानकारी दी, उसने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया। पुलिस के मुताबिक, युवती को एक आरोपी मसूरी घुमाने के बहाने दिल्ली से देहरादून लेकर आया था।
आरोप है कि देहरादून पहुंचने के बाद उसे मनीष के किराए के कमरे में ठहराया गया और कथित रूप से देह व्यापार में धकेलने का दबाव बनाया गया। युवती द्वारा इसका विरोध करने पर उसे कमरे में रोककर रखने का आरोप है। पुलिस ने नाबालिग को रेस्क्यू कर लिया है और मामले में पॉक्सो एक्ट की धाराओं के तहत भी कार्रवाई की जा रही है।
छापे में नकदी और अन्य सामान बरामद
पुलिस ने मौके से कथित आपत्तिजनक सामग्री और दवाइयों के अलावा 18,000 रुपये नकद बरामद किए हैं। पुलिस इस रकम को देह व्यापार से अर्जित धन के रूप में जांच का हिस्सा बना रही है। बरामद मोबाइल फोन और अन्य सामग्री की भी जांच की जा रही है, जिससे गिरोह के संपर्कों और नेटवर्क के बारे में और जानकारी मिलने की संभावना है।
छह आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें मुख्य आरोपी मनीष कुमार लखेड़ा, निवासी नीलकंठ एनक्लेव, हरभजवाला, देहरादून; अभिषेक, निवासी महावीर नगर, दिल्ली; भानू उर्फ सिद्धान्त, निवासी बड़ोवाला, देहरादून; तथा तीन महिलाएं ममता, निवासी शंकरपुर पूर्वी, दिल्ली, नेहा, निवासी संगम विहार, दिल्ली और सुमन, निवासी कल्याणपुरी, दिल्ली शामिल हैं।
गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज
पटेलनगर कोतवाली में इस मामले में मुकदमा संख्या 704/2026 दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 96, 99, 127(2), 3(5), पॉक्सो एक्ट की धारा 14(5) तथा अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम की धाराओं 3/4/5/11 के तहत कार्रवाई की गई है।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही, गिरोह से जुड़े अन्य लोगों, संभावित ग्राहकों और दिल्ली-देहरादून के बीच संचालित नेटवर्क के संबंध में भी जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
पुलिस जांच में खुल सकते हैं नेटवर्क के और राज
पुलिस की इस कार्रवाई से फिलहाल एक किराए के मकान में चल रहे कथित देह व्यापार का खुलासा हुआ है, लेकिन जांच का दायरा अब इससे आगे बढ़ गया है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गिरोह में और कितने लोग जुड़े थे, महिलाओं को देहरादून तक कौन लाता था, ग्राहकों से संपर्क के लिए किन मोबाइल नंबरों और सोशल मीडिया माध्यमों का इस्तेमाल किया जाता था तथा क्या इस नेटवर्क का संचालन अन्य स्थानों पर भी किया जा रहा था।
नाबालिग युवती की बरामदगी ने मामले की गंभीरता बढ़ा दी है। अब जांच का एक प्रमुख पहलू यह भी होगा कि उसे देहरादून लाने और कथित रूप से दबाव में रखने की पूरी घटना में कौन-कौन लोग शामिल थे।


