यातायात व्यवस्था और नशामुक्ति होगी मुख्य प्राथमिकता
CNE REPORTER, रानीखेत (अल्मोड़ा): पर्यटन नगरी रानीखेत की सुरक्षा और व्यवस्था की कमान अब अनुभवी पुलिस अधिकारी बी.सी. जोशी के हाथों में है। मंगलवार को उन्होंने औपचारिक रूप से कोतवाली रानीखेत के प्रभारी निरीक्षक के रूप में कार्यभार ग्रहण कर लिया।
पदभार संभालते ही उन्होंने अपनी कार्ययोजना स्पष्ट कर दी है, जिसमें शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाना और युवा पीढ़ी को नशे के चंगुल से मुक्त करना उनकी शीर्ष प्राथमिकताओं में शामिल है।
कार्यभार ग्रहण करने के उपरांत कोतवाली परिसर में एक पत्रकार वार्ता का आयोजन किया गया। इस बैठक में नगर के तमाम मीडिया प्रतिनिधियों ने शिरकत की। पत्रकारों ने नवनियुक्त कोतवाल का स्वागत करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं और साथ ही नगर की विभिन्न ज्वलंत समस्याओं से अवगत कराया। इस दौरान आपसी समन्वय और सूचनाओं के आदान-प्रदान पर भी चर्चा हुई।
जाम की समस्या से मिलेगी मुक्ति
रानीखेत की भौगोलिक स्थिति और संकरी सड़कों के कारण अक्सर लगने वाले जाम पर चिंता व्यक्त करते हुए कोतवाल बी.सी. जोशी ने कहा कि:
- दोपहिया वाहनों की अनियंत्रित पार्किंग और यातायात नियमों के उल्लंघन पर सख्त नजर रखी जाएगी।
- बाजार क्षेत्र में यातायात को व्यवस्थित करने के लिए विशेष रणनीति बनाई जाएगी ताकि पर्यटकों और स्थानीय निवासियों को असुविधा न हो।
नशे के विरुद्ध ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति
नशे की बढ़ती प्रवृत्ति पर कड़ा रुख अपनाते हुए जोशी ने कहा कि उनका पिछला अनुभव (अल्मोड़ा एसओजी प्रभारी के रूप में) इस दिशा में काफी सहायक सिद्ध होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि:
“नशा केवल एक व्यक्ति को नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को बर्बाद करता है। हमारा विशेष फोकस नई पीढ़ी को नशे के जाल से बचाना है। इसके लिए पुलिस न केवल प्रवर्तन (Enforcement) की कार्रवाई करेगी, बल्कि जागरूकता अभियानों के माध्यम से युवाओं को प्रेरित भी करेगी।”
एसओजी अल्मोड़ा में रहा है शानदार अनुभव
बता दें कि बी.सी. जोशी इससे पूर्व अल्मोड़ा में एसओजी (Special Operations Group) के पद पर तैनात थे। एसओजी में रहते हुए उन्होंने कई जटिल मामलों को सुलझाने और मादक पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनके इसी अनुभव का लाभ अब रानीखेत की जनता को मिलने की उम्मीद है।

