बागेश्वर बार एसोसिएशन चुनाव
सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वर : जनपद के कानूनी गलियारों में आज भारी गहमागहमी और उत्साह का माहौल रहा। बागेश्वर बार एसोसिएशन के वार्षिक चुनाव की प्रक्रिया शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक ढंग से संपन्न हुई। अधिवक्ताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग कर नई कार्यकारिणी का चुनाव किया, जिसमें अध्यक्ष पद की कमान राजेश रौतेला को सौंपी गई है।

चुनावी घमासान: अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद पर रही पैनी नजर
चुनाव में मुख्य मुकाबला अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद को लेकर था, जहां मतदाताओं का उत्साह देखते ही बनता था।
- अध्यक्ष पद: राजेश रौतेला ने अपने प्रतिद्वंद्वी गोविंद भंडारी को शिकस्त देकर जीत का परचम लहराया। रौतेला को कुल 44 मत प्राप्त हुए, जबकि भंडारी 27 मतों पर सिमट गए।
- उपाध्यक्ष पद: इस पद पर मुकाबला एकतरफा नजर आया। नरेंद्र कोरंगा ने 63 मतों का भारी बहुमत हासिल कर ऐतिहासिक जीत दर्ज की। उनके विपक्ष में खड़े चंदन सिंह रौतेला को मात्र 8 मतों से संतोष करना पड़ा।
निर्विरोध निर्वाचित हुए कई पदाधिकारी
बार एसोसिएशन की एकता की झलक तब देखने को मिली जब अधिकांश पदों पर पदाधिकारियों का चयन सर्वसम्मति से निर्विरोध कर लिया गया।
| पद | निर्वाचित पदाधिकारी |
| सचिव | पंकज धपोला |
| सह सचिव | अनिल भाकुनी |
| महिला उपाध्यक्ष | भगवती धपोला |
| महिला सचिव | कुमारी रंजना सिंह |
| कोषाध्यक्ष | हरीश चंद्र आर्या |
| पुस्तकालय अध्यक्ष | धीरेंद्र सिंह परिहार |
कार्यकारिणी सदस्य: विनोद भट्ट, सुरेंद्र नेगी, मयंक चौबे, कैलाश चंद्र और अजेंद्र सिंह कोरंगा को भी निर्विरोध सदस्य चुना गया।
पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया और जश्न का माहौल
समग्र चुनाव प्रक्रिया को चुनाव अधिकारी मनोज जोशी एवं मनोज कुमार जोशी ने अत्यंत सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया। पूरी मतदान प्रक्रिया पर्यवेक्षक मेहरमान सिंह कोरंगा की कड़ी निगरानी में हुई, जिससे पारदर्शिता और शुचिता बनी रही।
“नई कार्यकारिणी से हमें काफी उम्मीदें हैं। विश्वास है कि नवनिर्वाचित पदाधिकारी अधिवक्ताओं के हितों और न्यायालय की गरिमा को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे।” — वरिष्ठ अधिवक्ता, बागेश्वर बार
परिणाम घोषित होते ही न्यायालय परिसर में जश्न का माहौल छा गया। साथी अधिवक्ताओं ने नवनिर्वाचित अध्यक्ष राजेश रौतेला और अन्य पदाधिकारियों को फूल-मालाओं से लाद दिया और मिठाई बांटकर अपनी खुशी का इजहार किया। सभी नवनिर्वाचित सदस्यों ने बार और बेंच के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का संकल्प लिया।


