नासमझी ने पैदा कर दिए दंगे के हालात
सीएनई रिपोर्टर, हल्द्वानी। एक छोटी सी नासमझी ने उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर में दंगे जैसे गंभीर हालात पैदा कर दिए। गौवंश के कटे सिर की झूठी अफवाह के कारण शहर के एक व्यस्त इलाके में जबरदस्त हंगामा और तनाव फैल गया, जिसके बाद असामाजिक तत्वों ने तोड़फोड़ भी की।
हालांकि, नैनीताल पुलिस की त्वरित जांच और कार्रवाई ने बड़ा उपद्रव होने से पहले ही स्थिति को नियंत्रित कर लिया और शहर की शांति भंग होने से बचा लिया गया।
CCTV फुटेज में सामने आई हकीकत
गत दिवस, शहर के एक हिंदू धर्मस्थल के पास एक नवजात पशु का कटा सिर मिलने की सूचना से तनाव पैदा हो गया। कुछ नासमझ लोगों ने बिना तथ्यों की जांच किए इसे सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश की और हंगामा शुरू कर दिया।

एसएसपी नैनीताल मंजूनाथ टीसी के कड़े निर्देश पर पुलिस ने तुरंत आसपास के CCTV कैमरों की गहन जांच शुरू की। पुलिस जांच रिपोर्ट में जो खुलासा हुआ, वह चौंकाने वाला था और हर कोई हैरान रह गया:
- सत्य: CCTV फुटेज में स्पष्ट हुआ कि एक कुत्ता जंगल की ओर से नवजात पशु का यह अंग लेकर आता दिखाई दिया।
- स्थानीय जांच: स्थानीय जांच में भी यही संकेत मिला कि यह हिस्सा जंगल क्षेत्र में किसी पशु के ब्याने (जन्म देने) के बाद बाहर आया था।
तथ्यों के सामने आने पर संबंधित संगठनों को स्थिति से अवगत कराया गया, जिसके बाद माहौल शांत हुआ। पुलिस ने पशु अवशेष को कब्जे में लेकर परीक्षण शुरू कर दिया है।
अफवाह और उपद्रव करने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई
जांच रिपोर्ट सामने आने और स्थिति स्पष्ट होने के बावजूद, कुछ असामाजिक तत्वों ने भीड़ इकट्ठा कर शहर के कुछ हिस्सों में अनावश्यक उपद्रव और तोड़फोड़ की।
नैनीताल पुलिस ने इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना पर कड़ा रुख अपनाया है और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त कदम उठाए हैं:
- बल की तैनाती: शहर की स्थिति पूरी तरह सामान्य रखने हेतु 04 क्षेत्राधिकारी (CO), सभी थानाध्यक्ष, पर्याप्त पुलिस बल, PAC और PHQ एवं रेंज से भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। आवश्यकतानुसार पैरामिलिट्री फोर्स की मांग भी की गई है।
- कड़ी चेतावनी: पुलिस ने स्पष्ट संदेश दिया है कि अब शहर में जो भी उपद्रवी कहीं भी दिखाई देगा, उसके विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कानून व्यवस्था को चुनौती देने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।
- चिह्नितकरण: उपद्रवियों का चिन्हीकरण किया जा रहा है और उनके विरुद्ध सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
- सोशल मीडिया पर निगरानी: सोशल मीडिया मॉनिटरिंग टीम भी सक्रिय है। किसी भी तरह के भड़काऊ मैसेज, पोस्ट या कमेंट करने वालों पर भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नैनीताल पुलिस आमजन से शांति, संयम और अफवाहों से दूर रहने की अपील करती है। पुलिस का कहना है कि यह घटना उन पक्षों की जिम्मेदारी तय करती है जो बिना सोचे-समझे हंगामा करते हैं, और साथ ही उन पक्षों को भी जो अपने लोगों के गलत कार्यों पर चुप्पी साध लेते हैं।

