आपदा हो या अपराध, इन हेल्पलाइन नंबरों पर मिलेगी तुरंत मदद

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आपदा हो या अपराध, इन हेल्पलाइन नंबरों पर मिलेगी तुरंत मदद
आपदा हो या अपराध, इन हेल्पलाइन नंबरों पर मिलेगी तुरंत मदद

अल्मोड़ा पुलिस ने जारी की निर्देशिका

CNE REPORTER, अल्मोड़ा। जन सुरक्षा और अपराध नियंत्रण की दिशा में एक बड़ी पहल करते हुए अल्मोड़ा पुलिस ने नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। वर्तमान में बढ़ते साइबर अपराध और महिला सुरक्षा की चुनौतियों को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर घोडके के निर्देशन में पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी आपात स्थिति में साइबर हेल्पलाइन 1930, महिला हेल्पलाइन 1090, और आपातकालीन सेवा 112 जैसे नंबरों का तत्काल उपयोग करें। पुलिस का लक्ष्य है कि हर नागरिक के पास ये नंबर उपलब्ध हों ताकि समय रहते अपराधों पर अंकुश लगाया जा सके।


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इसी अभियान के अंतर्गत अपर पुलिस अधीक्षक हरबन्स सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी अल्मोड़ा बलवंत सिंह के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली अल्मोड़ा योगेश चंद्र उपाध्याय और पुलिस टीम द्वारा पाण्डेखोला क्षेत्र में विशेष जागरूकता शिविर लगाया गया। इस दौरान नागरिकों को नए आपराधिक कानूनों और ‘डिजिटल अरेस्टिंग’ जैसे साइबर खतरों के प्रति आगाह किया गया।


आपकी सुरक्षा के लिए समर्पित महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर

जनहित में पुलिस द्वारा जारी किए गए निम्नलिखित नंबरों को अपने मोबाइल में सुरक्षित रखें, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल सहायता मिल सके:

  • साइबर अपराध की शिकायत हेतु: 1930 (Cyber Helpline)
  • महिला सुरक्षा एवं सहायता हेतु: 1090 (Women Helpline)
  • नशा मुक्ति एवं मानसिक स्वास्थ्य हेतु: 1933 (MANAS Helpline)
  • आपातकालीन पुलिस/फायर/एम्बुलेंस सेवा: 112 (Emergency Service)
  • आपदा प्रबंधन सहायता हेतु: 1070 (Disaster Helpline)

साइबर ठगी और संदिग्ध गतिविधियों पर रखें नजर

पुलिस टीम ने कार्यक्रम में उपस्थित नगरवासियों को बताया कि आजकल अपराधी ‘डिजिटल अरेस्ट’ और फर्जी बैंक कॉल के जरिए लोगों को डराकर ठगी कर रहे हैं। पुलिस ने निर्देश दिए कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और न ही अपनी व्यक्तिगत जानकारी साझा करें। इसके साथ ही यातायात नियमों के पालन और संदिग्ध व्यक्तियों की सूचना तत्काल पुलिस को देने का आह्वान किया गया।

इस अवसर पर नगर निगम के पार्षद अमित शाह, मोनू अभिषेक जोशी, ज्योति शाह और अन्य स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। पुलिस ने स्पष्ट किया कि समाज की सुरक्षा में नागरिकों की जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार है।

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