👉 डीएम ने तहसीलदारों व नायब तहसीलदारों की बैठक ली, कई निर्देश दिए
सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा: जिलाधिकारी आलोक कुमार पांडे ने तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों से कहा है कि प्रशासन की पहली जिम्मेदारी जनता के प्रति जवाबदेही है। इसलिए तहसील स्तर की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता, संवेदनशीलता और तत्परता लाएं। जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट में बैठक लेकर शनिवार को राजस्व संबंधी कार्यों की समीक्षा की। डीएम ने सख्त चेतावनी दी कि आपदा राहत में लापरवाही या ढिलाई मिली, तो जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में राजस्व संबंधी कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि खतौनी निर्माण का कार्य जल्द से जल्द पूरा किया जाए, ताकि जनता को प्रमाणपत्रों और भूमि संबंधी कार्यों में किसी प्रकार की परेशानी न हो। साथ ही भूमि हस्तांतरण से जुड़े विवादों और शिकायतों की त्वरित जांच कर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी ने भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति दोहराते हुए कहा कि यदि किसी भी तहसील में भ्रष्टाचार की शिकायत सामने आती है, तो उस पर तुरंत कठोर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि तहसीलदार स्वयं किसी भी घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लें। बैठक के दौरान जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल, तहसीलदार बरखा जलाल, तितिक्षा जोशी, दीपिका आर्य, आबिद अली सहित कलेक्ट्रेट के अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

