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अल्मोड़ा: मां के डोले पर ही टिकी रहीं असंख्य निगाहें, अक्षत—पुष्प वर्षा

👉 शोभायात्रा और डोला विसर्जन के साथ नंदादेवी मेला शांतिपूर्ण ढंग से समापन

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सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा: आज बुधवार को सांस्कृतिक नगरी में आस्था का सैलाब उमड़ा। पूरा शहर मां नंदा के गगनभेदी जयकारों से गूंज उठा और पूरा वातावरण नंदामय बन गया। करीब सप्ताहभर से यहां चल रहे ऐतिहासिक एवं पौराणिक नंदादेवी मेले के आखिरी दिन बुधवार को मां नंदा—सुनंदा की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। मां के डोले की एक झलक पाने को सड़क, पैदल मार्ग, बाजार मार्ग, बालकनी हो या घरों व दुकानों की छतें, हर जगह लोगों का हुजूम देखने को मिला। इस विहंगम नजारे के हजारों नयन गवाह बने। श्रद्धालुओं ने मां नंदा के डोले के दर्शन किए और अक्षत—पुष्प की वर्षा की।

यहां उल्लेखनीय है कि बीते 16 सितंबर, 2026 से यहां नंदादेवी मेले की धूम शुरू हुई। इसके बाद से हर दिन पूजा-अर्चना, प्रतियोगिताओं, रंगारंग कार्यक्रमों तथा स्टार नाइटों ने हजारों की संख्या में मेलार्थी खींचे और मेले पर चार चांद लगाए। इसी क्रम के चलते बुधवार को चंद वंशज के युवा प्रतिनिधि युवराज नरेंद्र चंद्र राज सिंह ने संपूर्ण विधि-विधान और परंपरा के अनुसार मां नंदा-सुनंदा की प्रतिमाओं की पूजा अर्चना की। सांय करीब पौने पांच बजे मां नंदा—सुनंदा का डोला मंदिर परिसर से निकल कर आया। शोभायात्रा में बड़ी संख्या में शामिल श्रद्धालुओं ने मां के जयकारे लगाते और भजन गाते हुए चल रहे थे। छोलिया नर्तक नृत्य करते हुए चल रहे थे। पूरे बाजार में हजारों लोगों ने मार्ग में दोनों तरफ खड़े होकर डोले का स्वागत किया। मकानों की छतों और खिड़कियों से भक्तों ने मां के डोले के दर्शन किए और अक्षत पुष्प चढ़ाए और भीगी पलकों से मां नंदा को विदा किया।

शोभायात्रा के बीच महिलाओं की बड़ी टोली परंपरागत परिधान में भजन व कीर्तन गाते हुए चल रही थी। नंदादेवी से निकलकर शोभायात्रा लाला बाजार, बंसल गली व शिखर के समीप से माल रोड होते हुए आगे बढ़ी। मां नंदा-सुनंदा को ड्योड़ीपोखर में चंद राजाओं के कुलदेवी मंदिर के दर्शन कराए। मंदिर से राज परिवार के सदस्यों ने मां के डोले की आरती उतारी। इसके बाद डोला सीढ़ी बाजार व लोहे के शेर से मुख्य बाजार होते हुए आगे बढ़ा। बाद में नंदा-सुनंदा की मूर्तियों को दुगालखोला स्थित नौले में पूजा-अर्चना और धार्मिक विधि-विधान के साथ विसर्जित किया गया। शांति व्यवस्था के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। कई बार भारी भीड़ उमड़ने से आवाजाही में काफी दिक्कतें लोगों ने झेली और पुलिस को व्यवस्था बनाने में खासी मशक्कत करनी पड़ी। आज शोभायात्रा के साथ ही नंदादेवी महोत्सव का समापन हो गया है। मौसम ने भी अच्छा साथ दिया, हालांकि दिन में एक बारगी हल्की बारिश हुई। इस भव्य शोभायात्रा में राज परिवार के सदस्यों, मंदिर एवं मेला कमेटी के पदाधिकारी व सदस्य, स्थानीय जनप्रतिनिधि, राजनैतिक, सामाजिक व सांस्कृतिक संगठनों के लोगों के साथ ही असंख्य श्रद्धालु शामिल हुए।

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