रामनगर, उत्तराखंड: बुधवार को रामनगर पुलिस ने एक मानसिक रूप से अस्वस्थ व्यक्ति को उसके परिजनों को सकुशल सौंप दिया। स्थानीय लोगों द्वारा संदिग्ध अवस्था में पकड़े जाने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसकी पहचान की और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर परिवार के हवाले किया।
आज बुधवार सुबह, अमानगढ़, बिजनौर के निवासी सुमित सिंह (उम्र लगभग 30 वर्ष) को पीरुमदारा में स्थानीय लोगों ने संदिग्ध मानते हुए पकड़ा था। सूचना मिलते ही, पीरुमदारा चौकी प्रभारी सुनील धानिक अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और सुमित सिंह को चौकी ले आए। पूछताछ और सत्यापन के बाद यह स्पष्ट हुआ कि सुमित मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं।
इसके बाद, सुमित की पहचान उनके पारिवारिक सदस्य बबलू सिंह (निवासी शांति कुंज, पीरुमदारा) ने की। सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद, पुलिस ने सुमित को उनके परिवार को सौंप दिया।
रात्रि गश्त में 24 संदिग्धों से पूछताछ, 12 पर हुई कार्रवाई
इस घटना के अतिरिक्त, रामनगर पुलिस ने अपनी रात्रि गश्त के दौरान 24 अन्य संदिग्ध व्यक्तियों को पूछताछ के लिए चौकी बुलाया। गहन जांच और सत्यापन के बाद यह पाया गया कि इनमें से कोई भी चोरी या अन्य आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त नहीं था।
हालांकि, 12 व्यक्ति अपनी पहचान के प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सके, जिसके चलते पुलिस अधिनियम के तहत उन पर ₹3,000 का संयोजन शुल्क लगाया गया। साथ ही, मौके से 2 मोटरसाइकिलों को भी सीज किया गया।
नैनीताल पुलिस की जनता से अपील: अफवाहों से बचें, संदिग्धों की सूचना दें
नैनीताल पुलिस ने एक बार फिर जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। साथ ही, किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तत्काल नैनीताल पुलिस को देने का आग्रह किया है ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके और क्षेत्र में शांति व सुरक्षा बनी रहे।

