भिकियासैंण: स्यालकोट बासोट में कनार फाउंडेशन की भव्य माता की चौकी

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भिकियासैंण: स्यालकोट बासोट में कनार फाउंडेशन की भव्य माता की चौकी
भिकियासैंण: स्यालकोट बासोट में कनार फाउंडेशन की भव्य माता की चौकी

लोकगायक रमेश बाबू गोस्वामी के गीतों पर झूमे श्रद्धालु

सीएनई संवाददाता, भिकियासैंण/बासोट। अल्मोड़ा जनपद के स्यालकोट, बासोट में कनार फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित भव्य माता की चौकी श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के वातावरण में संपन्न हुई। माँ जगदम्बा के नवरात्रों के पावन अवसर पर आयोजित इस धार्मिक कार्यक्रम में क्षेत्र के बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता की। माँ भगवती के जयकारों से कार्यक्रम स्थल गूंज उठा और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।


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कार्यक्रम में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। श्रद्धालुओं ने माँ भगवती की आराधना कर सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। महिलाओं, युवाओं और क्षेत्र के अन्य लोगों ने उत्साहपूर्वक कार्यक्रम में भाग लिया। इस आयोजन ने धार्मिक आस्था के साथ क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं और आपसी भाईचारे का संदेश दिया।

लोकगायक रमेश बाबू गोस्वामी के गीतों ने मोहा मन

माता की चौकी के दौरान आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में लोकगायक रमेश बाबू गोस्वामी की प्रस्तुतियां विशेष आकर्षण रहीं। उनके लोकगीतों ने उत्तराखंड की पहाड़ी संस्कृति, परंपराओं और लोकजीवन की मधुर झलक प्रस्तुत की। उनकी गीतों की धुन पर उपस्थित लोग जमकर झूमे और कार्यक्रम स्थल उत्साह एवं उल्लास से भर उठा।

लोकगायक की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को पहाड़ की लोकसंगीत परंपरा से जोड़ने का काम किया। पारंपरिक लोकधुनों और सांस्कृतिक रंगों से सजे कार्यक्रम ने धार्मिक आयोजन को यादगार बना दिया। लोगों ने प्रस्तुतियों का भरपूर आनंद लिया और कलाकार का उत्साहवर्धन किया।

धार्मिक आस्था और लोकसंस्कृति का संगम बना आयोजन

कनार फाउंडेशन द्वारा आयोजित माता की चौकी में क्षेत्र के विभिन्न जनप्रतिनिधियों सहित अनेक गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे। धार्मिक अनुष्ठानों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से क्षेत्र की परंपराओं को सहेजने तथा सामाजिक एकता को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया।

ऐसे आयोजन स्थानीय संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने और लोगों के बीच आपसी मेलजोल को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। स्यालकोट में आयोजित इस कार्यक्रम में भक्ति और लोकसंस्कृति का सुंदर संगम देखने को मिला।

आयोजन की सफलता में सहयोगियों की अहम भूमिका

माता की चौकी के सफल आयोजन में अभिनंदन नेगी, मोहन जमनाल, भुबन जमनाल, हेमंत नेगी, यशपाल भंडारी, नरेंद्र नेगी, नंदन भंडारी, उदय आसवाल, ललित जमनाल और महिपाल कड़ाकोटी सहित अन्य सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। सभी के सामूहिक प्रयासों से कार्यक्रम श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। आयोजन ने क्षेत्र में धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक सौहार्द की भावना को प्रोत्साहित किया।

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