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अल्मोड़ा—नैनीताल में चला ऑपरेशन कालनेमि, छद्म भेष धारियों की खैर नहीं

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नैनीताल पुलिस ने 8 के किए चालान, 5 गिरफ्तार

अल्मोड़ा में नहीं मिला कोई संदिग्ध !

सीएनई रिपोर्टर, नैनीताल/अल्मोड़ा। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार नैनीताल व अल्मोड़ा जनपद में पुलिस ने ऑपरेशन कालनेमि अभियान चला भगवा वस्त्र की आड़ में छद्म भेष धारण करने वालों की खबर ली। नैनीताल पुलिस द्वारा 56 बाबाओं को चिन्हित कर 8 के खिलाफ चालानी कार्रवाई की।

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वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल प्रहलाद नारायण मीणा द्वारा समस्त राजपत्रित अधिकारियों, थाना एवं चौकी प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में वृहद स्तर में अभियान चलाकर ढोंगी बाबाओं की पहचान कर विधिक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं।

आदेशानुसार जनपद में थाना क्षेत्रों में स्थित विभिन्न मंदिरों, आश्रमों सार्वजनिक स्थानों पर सभी थाना—चौकी प्रभारियों द्वारा सर्च ऑपरेशन, संदिग्ध व्यक्तियों की सत्यापन प्रक्रिया एवं दस्तावेजों की गहन जांच की गई। 56 लोगों के सत्यापन किए गए। जिसमें 08 बाबाओं के विरुद्ध पुलिस अधिनियम में कार्यवाही की गई है तथा 05 को भारतीय न्याय संहिता की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत गिरफ्तार किया गया है।

अल्मोड़ा। एसएसपी अल्मोड़ा के निर्देशन में छद्म भेष धारण कर लोगों को ठगने वालो के विरुद्ध थाना भतरौजखान, सल्ट व धौलछीना ने चलाया ऑपरेशन कालनेमि अभियान चलाया गया।

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सनातन धर्म की आड़ में साधु, संतों का भेष धारण कर लोगों को ठगने व उनकी भावनाओं से खिलवाड़ करने वालो के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये।अपर पुलिस अधीक्षक हरबंस सिंह व सीओ अल्मोड़ा गोपाल दत्त जोशी व सीओ रानीखेत विमल प्रसाद के पर्यवेक्षण में निरीक्षक सुशील कुमार थानाध्यक्ष भतरौजखान, थानाध्यक्ष सल्ट प्रमोद पाठक व थानाध्यक्ष दन्या विजय नेगी के नेतृत्व में पुलिस टीमों द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्रों में “ऑपरेशन कालनेमि” अभियान चलाया गया।

अभियान के तहत धार्मिक स्थलों में रहने वाले बाबाओं से पूछताछ की गई एवं उनके पहचान पत्र व दस्तावेजों की गहन जांच की गई। इस दौरान कोई संदिग्ध प्रकाश में नहीं आया। साथ ही पूर्व में मंदिरों में रह रहे बाबा जिनका सत्यापन आदि हो चुका है उनको बताया गया कि यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति साधु, संत आदि आते है तो उनकी सूचना तत्काल नजदीकी थाने में दें।

ऑपरेशन कालनेमि की इसलिए है जरूरत —

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