ECHS में दवाएं न मिलने पर भी जताई नाराजगी
सीएनई रिपोर्टर, अल्मोड़ा। उत्तराखंड पूर्व सैनिक लीग की मंगलवार को नगर के कचहरी बाजार स्थित कार्यालय में मासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में पूर्व सैनिकों की विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा हुई। इस दौरान भवाली, कैंची धाम और क्वारब क्षेत्र में आए दिन लगने वाले भीषण जाम को लेकर पूर्व सैनिकों ने गहरी चिंता व्यक्त की। वहीं, ईसीएचएस (Ex-Servicemen Contributory Health Scheme) केंद्रों में आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध नहीं होने का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया।

बैठक में पूर्व सैनिकों ने कहा कि कैंची धाम सहित भवाली और क्वारब क्षेत्र में जाम की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। इसका सीधा असर अल्मोड़ा, बागेश्वर, रानीखेत, पिथौरागढ़ समेत पर्वतीय क्षेत्रों से हल्द्वानी और मैदानी क्षेत्रों की ओर आने-जाने वाले लोगों पर पड़ रहा है। पूर्व सैनिकों का कहना था कि जिस दूरी को सामान्य परिस्थितियों में ढाई से तीन घंटे में तय कर लिया जाता था, उसे अब जाम के कारण पूरा करने में कई बार 10 से 12 घंटे तक का समय लग रहा है।
पूर्व सैनिकों ने कहा कि यातायात जाम केवल यात्रियों के लिए परेशानी का कारण नहीं है, बल्कि गंभीर मरीजों के लिए भी बड़ी समस्या बनता जा रहा है। जाम में एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन वाहनों के फंसने से मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना मुश्किल हो सकता है। उन्होंने संबंधित विभागों से इस समस्या का स्थायी समाधान निकालने तथा यातायात व्यवस्था को प्रभावी बनाने की मांग की।
ECHS में दवाओं का स्टॉक नहीं, खाली हाथ लौट रहे पूर्व सैनिक
बैठक में पूर्व सैनिकों ने ईसीएचएस के माध्यम से मिलने वाली दवाओं की उपलब्धता को लेकर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि कई बार आवश्यक दवाएं उपलब्ध नहीं होने के कारण पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को दवा लेने के लिए खाली हाथ लौटना पड़ता है। उनका कहना था कि सेवानिवृत्त सैनिकों और उनके परिवारों के लिए स्वास्थ्य सुविधाएं अत्यंत महत्वपूर्ण हैं, इसलिए ईसीएचएस में आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
पूर्व सैनिकों ने संबंधित अधिकारियों से दवाओं की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने तथा दवा उपलब्ध नहीं होने की स्थिति को जल्द दूर करने की मांग की। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं के लिए पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए व्यवस्था में सुधार जरूरी है।
बैठक में पूर्व सैनिकों ने अपनी अन्य समस्याओं और संगठन से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी विचार-विमर्श किया। बैठक में एसके जोशी, आरसी पंत, धनी राम, रघुबीर नैनवाल, एमसी जोशी, आरएस साही, एएस बोरा, एचसी जोशी, पीसी लोहनी, एमसी वर्मा, एमएस बिष्ट, एनसी जोशी, पीएस मेहता सहित अनेक पूर्व सैनिक मौजूद रहे।









