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नंदा-सुनंदा महोत्सव : जब श्रद्धालु आस्था में डूबे थे, तब व्यवस्था संभाल रही थी नैनीताल पुलिस

दिन-रात ड्यूटी करने वाले जवान सम्मानित

सीएनई रिपोर्टर, नैनीताल। मां नंदा-सुनंदा महोत्सव के दौरान सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए नैनीताल पुलिस द्वारा किए गए व्यापक इंतजामों की श्री राम सेवक सभा नैनीताल एवं मंदिर समिति ने सराहना की। महोत्सव को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सम्मानित कर उनके प्रति आभार व्यक्त किया गया।

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वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के नेतृत्व में आयोजित महोत्सव के दौरान पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को कई स्तरों पर मजबूत बनाए रखा। भीड़ के दबाव को नियंत्रित करने, यातायात को सुचारू बनाए रखने, पार्किंग व्यवस्था को व्यवस्थित करने तथा महिला और बाल सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने के साथ कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल लगातार मैदान में सक्रिय रहा।

सुरक्षा व्यवस्था के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा पर भी रहा विशेष जोर

महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की आवाजाही को देखते हुए नैनीताल पुलिस ने संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया। पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी लगातार अपने ड्यूटी क्षेत्रों में मौजूद रहकर भीड़ की स्थिति, यातायात के दबाव और श्रद्धालुओं की आवाजाही पर नजर रखते रहे।

किसी भी आपात स्थिति से तत्काल निपटने के लिए पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया व्यवस्था भी सक्रिय रही। यातायात को व्यवस्थित रखने के साथ ही पार्किंग स्थलों पर भीड़ का दबाव कम करने और वाहनों की आवाजाही को सुचारू बनाए रखने के प्रयास किए गए। इससे महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं को आवागमन में अपेक्षाकृत सुविधा मिली।

बिछड़े अपनों को मिलाया, गुम सामान भी लौटाया

महोत्सव के दौरान नैनीताल पुलिस की भूमिका केवल सुरक्षा और कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं रही। पुलिसकर्मियों ने संवेदनशीलता के साथ जरूरतमंद श्रद्धालुओं की सहायता भी की।

मेले की भीड़ में परिजनों से अलग हुए बच्चों और बुजुर्गों को तलाश कर उनके परिवारजनों तक सुरक्षित पहुंचाया गया। इसके अलावा मोबाइल फोन, पर्स, नगदी, चाबी, बैग सहित अन्य खोई हुई वस्तुओं को बरामद कर आवश्यक सत्यापन के बाद संबंधित लोगों को वापस किया गया।

पुलिस की इस मानवीय पहल से उन लोगों को बड़ी राहत मिली, जिन्होंने भीड़भाड़ के बीच अपने परिजनों अथवा सामान के गुम होने के कारण परेशानी का सामना किया था। खोया-पाया व्यवस्था में पुलिस की तत्परता ने महोत्सव के दौरान जनविश्वास को और मजबूत किया।

लगातार फील्ड में सक्रिय रहे पुलिस अधिकारी

महोत्सव की व्यवस्थाओं को प्रभावी बनाए रखने के लिए पुलिस अधिकारियों ने नियमित रूप से विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण किया और मौके की परिस्थितियों के अनुसार आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। भीड़ बढ़ने अथवा यातायात का दबाव बनने पर तत्काल व्यवस्थाओं में बदलाव कर स्थिति को नियंत्रित किया गया।

मेला समिति, मंदिर समिति, व्यापार मंडल, स्थानीय नागरिकों तथा अन्य संबंधित विभागों के साथ पुलिस के बेहतर समन्वय का भी आयोजन की व्यवस्थाओं पर सकारात्मक प्रभाव देखने को मिला। विभिन्न स्तरों पर आपसी तालमेल बनाए रखते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को प्राथमिकता दी गई।

पुलिस की कार्यशैली को मिली प्रशंसा

श्री राम सेवक सभा, मंदिर समिति और व्यापार मंडल के प्रतिनिधियों ने कहा कि महोत्सव जैसे बड़े धार्मिक आयोजन में भारी संख्या में श्रद्धालुओं की मौजूदगी के बीच सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होती है। नैनीताल पुलिस ने सक्रियता, अनुशासन, त्वरित प्रतिक्रिया और जनसहयोग की भावना के साथ इस जिम्मेदारी का निर्वहन किया।

प्रतिनिधियों ने पुलिसकर्मियों की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि सुरक्षा व्यवस्था के साथ लोगों की समस्याओं के प्रति संवेदनशील रवैया अपनाया जाना विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा। पुलिस की सक्रिय मौजूदगी से श्रद्धालुओं, पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई।

समारोह में ये पदाधिकारी और पुलिस अधिकारी रहे मौजूद

सम्मान समारोह में श्री राम सेवक सभा, मंदिर समिति एवं व्यापार मंडल की ओर से अध्यक्ष मनोज शाह, उपाध्यक्ष अशोक शाह, महासचिव जगदीश बलवाड़ी, प्रबंधक विमल चौधरी, कोषाध्यक्ष विनय चौधरी, पूर्व महासचिव देवेंद्र लाल शाह, सदस्य अधिवक्ता मनोज शाह, सदस्य प्रो. ललित तिवाड़ी, सदस्य हरीश राणा, सदस्य मोहित लाल साह, सदस्य कैलाश जोशी, सदस्य संदीप साह, कार्यकर्ता वीरेन्द्र मेहरा और कार्यकर्ता आनन्द बिष्ट सहित अन्य पदाधिकारी एवं प्रतिनिधि मौजूद रहे।

इस दौरान प्रतिनिधियों ने महोत्सव के दौरान पुलिस द्वारा किए गए सुरक्षा प्रबंधों, यातायात नियंत्रण, भीड़ प्रबंधन, महिला एवं बाल सुरक्षा तथा जनसहयोग से जुड़े प्रयासों की सराहना की। उन्होंने ड्यूटी में तैनात पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया।

समारोह में पुलिस की ओर से पुलिस अधीक्षक अपराध एवं यातायात नैनीताल डॉ. जगदीश चंद्र, पुलिस अधीक्षक संचार नैनीताल रेवाधर मठपाल, क्षेत्राधिकारी नैनीताल अंजना नेगी, क्षेत्राधिकारी भवाली रविकांत सेमवाल, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली मल्लीताल राजेंद्र सिंह रावत, मेला चौकी प्रभारी निरीक्षक सुनील बिष्ट, उपनिरीक्षक दिनेश जोशी, जनसंपर्क अधिकारी हेमा ऐठानी, उपनिरीक्षक संजीत राठौड़ सहित महोत्सव ड्यूटी में तैनात अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

सम्मान प्राप्त करने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने आयोजन समिति और व्यापार मंडल के प्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि महोत्सव के दौरान सभी संबंधित पक्षों के सहयोग और समन्वय से व्यवस्थाओं को सुचारू बनाए रखने में सहायता मिली।

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Deepak Manral
Deepak Manralhttp://creativenewsexpress.com
तीन दशकों के करीब का कार्यानुभव रखने वाले दीपक मनराल पत्रकारिता जगत का एक सम्मानित नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1996 में एक त्रैमासिक पत्रिका के सहयोगी संपादक के रूप में की थी। बीते 25 वर्षों में उन्होंने अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक आज, उत्तरांचल दीप और चारधाम टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में 'ब्यूरो प्रमुख' की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाई हैं। वर्तमान में वे 'गंगोत्री अक्षर उजाला पोस्ट' के संपादक हैं और सीएनई (CNE) मीडिया हाउस के संस्थापक व स्वामी के रूप में डिजिटल मीडिया को नई दिशा दे रहे हैं। अपनी निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारिता के लिए पहचाने जाने वाले मनराल आज भी प्रतिदिन 'ग्राउंड ज़ीरो' से जुड़कर सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।
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