मासिक बैठक में स्वास्थ्य शिविर का भी आयोजन
CNE REPORTER, अल्मोड़ा। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में गुलदार, बंदर और आवारा पशुओं के बढ़ते आतंक को लेकर अल्मोड़ा के पूर्व सैनिकों ने गहरी चिंता व्यक्त की है।
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद की मासिक बैठक में जहां इस गंभीर समस्या से शीघ्र निजात दिलाने की मांग उठी, वहीं बैठक के दौरान पूर्व सैनिकों के लिए एक स्वास्थ्य शिविर का भी सफल आयोजन किया गया।
महत्वपूर्ण माँगे और चर्चा के मुख्य बिंदु
शनिवार को नगर के नंदादेवी मंदिर परिसर में आयोजित मासिक बैठक में पूर्व सैनिकों ने कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की, जिनमें प्रमुख थे:
- वन्यजीवों का आतंक: पूर्व सैनिकों ने साफ तौर पर कहा कि गुलदार (तेंदुआ), बंदरों, आवारा कुत्तों और सुअरों की बढ़ती दहशत के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। उन्होंने शासन-प्रशासन से तत्काल प्रभावी कार्रवाई करने की माँग की ताकि लोगों को इस आतंक से राहत मिल सके।
- अतिक्रमण पर लगाम: नगर में बढ़ रहे अतिक्रमण पर भी परिषद ने अपनी चिंता जाहिर की और प्रशासन से इसे हटाने के लिए कठोर कदम उठाने का आग्रह किया।
- सिटी ट्रांसपोर्ट की आवश्यकता: पूर्व सैनिकों ने धारानौला से शिखर तिराहा होते हुए विकास भवन तक सिटी बस या टेम्पो सेवा शुरू करने की महत्वपूर्ण माँग भी रखी। उनका मानना है कि इससे स्थानीय निवासियों और विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों को काफी सुविधा मिलेगी।
स्वास्थ्य शिविर से मिली राहत
बैठक के दौरान, पतंजलि मेगा स्टोर के सहयोग से एक स्वास्थ्य शिविर का भी आयोजन किया गया। इस शिविर में परिषद के कई पूर्व सैनिकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और उन्हें आवश्यकतानुसार दवाओं का वितरण भी किया गया।
इस अवसर पर परिषद के अध्यक्ष केशव दत्त पांडे, पीजी गोस्वामी, एनके वर्मा, हुकुम सिंह, प्रकाश सिंह बोरा, रघुवीर सिंह सांगा, त्रिलोक सिंह, दान सिंह बिरोड़िया, महेंद्र सिंह, विनोद गिरी, सुरेंद्र लाल टम्टा, हरीश सिंह बिष्ट, दिवान सिंह नेगी, आनंद सिंह, शेर सिंह नेगी, प्रताप सिंह, पान सिंह, देवेंद्र सिंह, सुरेश सिंह असवाल, गजेंद्र सिंह रावत सहित कई पूर्व सैनिक मौजूद रहे।

