बेकार पड़ी एक्स-रे और डेंटल मशीन
सुयालबाड़ी (नैनीताल) से अनूप सिंह जीना की रिपोर्ट
हाईवे पर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सुयालबाड़ी में प्रशिक्षित कर्मचारी की कमी के कारण लाखों की एक्स-रे और डेंटल मशीन महीनों से बेकार पड़ी हैं। नैनीताल और अल्मोड़ा जनपद के कई गांवों के मरीज यहां उपचार के लिए पहुंचते हैं, लेकिन सुविधाओं के अभाव में उन्हें मजबूरन रानीखेत, नैनीताल, हल्द्वानी जैसे शहरों का रुख करना पड़ता है। इससे न केवल समय बल्कि मरीजों के पैसों की भी भारी बर्बादी होती है।
दुर्घटना पीड़ित भी हो रहे परेशान
हाईवे पर होने के कारण यह सीएचसी सड़क हादसों में घायलों के लिए अहम केंद्र माना जाता है। लेकिन पर्याप्त सुविधाएं न होने के कारण गंभीर मरीजों को टैक्सी वाहनों से हायर सेंटर ले जाना पड़ता है। इस दौरान कई बार जान बचाने की रफ्तार धीमी हो जाती है।
स्टाफ की भारी कमी
वर्तमान में सीएचसी में केवल दो नर्सिंग स्टाफ कार्यरत हैं, जबकि सफाई कर्मचारी का पद खाली है। एक्स-रे मशीन मौजूद है, लेकिन इसे संचालित करने के लिए प्रशिक्षित तकनीशियन नहीं है।
सीएमओ का बयान
सीएमओ नैनीताल हरीश पंत ने बताया कि इस माह के अंत तक सफाई कर्मचारी की नियुक्ति कर दी जाएगी। साथ ही स्टाफ की कमी को भर्ती प्रक्रिया से पूरा किया जाएगा। फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था के तहत डेंटल कर्मचारी को सप्ताह में दो दिन सीएचसी गरमपानी से भेजा जाएगा।
जनता की नाराज़गी
स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन जमीनी हकीकत इसके विपरीत है। महंगी मशीनें तो अस्पतालों में रख दी जाती हैं, मगर प्रशिक्षित स्टाफ न होने से वे धूल फांकती रहती हैं।

