राजकीय महाविद्यालय गुरड़ाबाज में बौद्धिक सम्पदा अधिकार प्रकोष्ठ के तहत दो दिवसीय ऑनलाइन कार्यशाला के द्विवतीय दिवस मुख्य वक्ता हिमांशु गोयल द्वारा पेटेंट एवं कॉपीराइट पर सारगर्भित व्याख्यान दिया।
एसएसजे विश्वविद्यालय के डॉ. संजीव आर्या द्वारा शिल्पकला, हस्तशिल्प के बारे में जानकारी दी गई। डॉ. मनोज भोज ने कॉपीराइट के बारे में कार्यशाला में व्याख्यान दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्राचार्य डॉ. राम सिंह द्वारा एसएमई व एमएसएमई पर महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई।
कार्यक्रम संयोजिका डॉ. मंजू चंद्रा ने बताया कि बौद्धिक सम्पदा अधिकार मजबूत होने से भारत की अर्थव्यवस्था कैसे मजबूत हो सकती है। ऑनलाइन कार्यशाला में सह—संयोजक डॉ. मनोज भोज, देवेंद्र कुमार, जसवीर सहित महाविद्यालय के छात्र—छात्राओं ने प्रतिभाग किया।
तीन दशकों के करीब का कार्यानुभव रखने वाले दीपक मनराल पत्रकारिता जगत का एक सम्मानित नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1996 में एक त्रैमासिक पत्रिका के सहयोगी संपादक के रूप में की थी। बीते 25 वर्षों में उन्होंने अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक आज, उत्तरांचल दीप और चारधाम टाइम्स जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में 'ब्यूरो प्रमुख' की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ निभाई हैं। वर्तमान में वे 'गंगोत्री अक्षर उजाला पोस्ट' के संपादक हैं और सीएनई (CNE) मीडिया हाउस के संस्थापक व स्वामी के रूप में डिजिटल मीडिया को नई दिशा दे रहे हैं। अपनी निष्पक्ष और ईमानदार पत्रकारिता के लिए पहचाने जाने वाले मनराल आज भी प्रतिदिन 'ग्राउंड ज़ीरो' से जुड़कर सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं।