सिरसा में बढ़ा गुलदार का खतरा, घर के आसपास डाला डेरा
वन विभाग ने जारी किया Alert, सघन कांबिंग
सीएनई रिपोर्टर, सुयालबाड़ी। क्षेत्र में गुलदार की लगातार बढ़ती आवाजाही ग्रामीणों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गई है। गत दिवस ग्राम सिरसा में एक बकरी को अपना शिकार बनाने के बाद गुलदार प्रभावित परिवार के घर के आसपास लगातार चक्कर काटता दिखाई दे रहा है। सोमवार रात और मंगलवार दोपहर गुलदार (तेंदुआ) की मौजूदगी देखे जाने के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। वन विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए निगरानी बढ़ा दी है और गुलदार की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए कैमरा ट्रैप भी स्थापित किया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पत्रकार एवं पूर्व प्रधान अनूप सिंह जीना के आवास से गत दिवस एक बकरी को गुलदार उठा ले गया था। घटना के बाद से गुलदार परिवार की गतिविधियां उनके मकान और आसपास के क्षेत्र में लगातार देखी जा रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुलदार के बार-बार आबादी वाले क्षेत्र में पहुंचने से बच्चों, महिलाओं और पशुपालकों में भय व्याप्त है।

रात और दिन दोनों समय दिखा गुलदार
जानकारी के मुताबिक सोमवार रात्रि लगभग साढ़े आठ बजे अनूप सिंह जीना के घर के आंगन में दो गुलदार दिखाई दिए। परिजनों ने जब टॉर्च और लाठी लेकर बाहर निकलकर शोर मचाया तो दोनों गुलदार ऊपर जंगल की ओर चले गए। इसके बावजूद मंगलवार दोपहर लगभग तीन बजे फिर एक गुलदार घर के समीप चहलकदमी करता दिखाई दिया। लगातार हो रही इन घटनाओं ने ग्रामीणों की चिंता और बढ़ा दी है।
वन विभाग ने चलाया सघन निगरानी अभियान
ग्राम सिरसा के तोक चौनीखेत क्षेत्र में वन विभाग की टीम ने गुलदार की आवाजाही को देखते हुए सघन चेकिंग अभियान चलाया। विभागीय कर्मचारियों ने जंगलों में कांबिंग अभियान चलाकर संभावित गतिविधियों का पता लगाने का प्रयास किया। साथ ही गुलदार की गतिविधियों को रिकॉर्ड करने और उसकी मौजूदगी की सटीक जानकारी जुटाने के उद्देश्य से मौके पर एक ट्रैप कैमरा भी लगाया गया है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल कैमरा ट्रैप और कांबिंग अभियान के माध्यम से गुलदार की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। यदि आने वाले दिनों में उसकी सक्रियता और बढ़ती हुई दिखाई देती है तो प्रभावित क्षेत्र में पिंजरा भी लगाया जाएगा, ताकि उसे सुरक्षित तरीके से पकड़ा जा सके और ग्रामीणों को राहत मिल सके।
वन विभाग ने क्षेत्रवासियों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा कि सुबह और शाम के समय अकेले जंगल या सुनसान स्थानों की ओर न जाएं। रात के समय घर से बाहर निकलते समय टॉर्च और लाठी अवश्य साथ रखें तथा बच्चों को अकेले बाहर न भेजें। विभाग ने किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल वन विभाग को देने का आग्रह भी किया है।
अभियान में मौजूद रहे विभागीय कर्मचारी
निरीक्षण और तेंदुआ निगरानी अभियान के दौरान वन दरोगा संजय कुमार टम्टा, फॉरेस्ट गार्ड अनिल बोरा, दीवान सिंह सहित वन विभाग के कई कर्मचारी मौके पर मौजूद रहे। टीम लगातार क्षेत्र में निगरानी बनाए हुए है और ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है।


