बागेश्वरः वन विभाग से समन्वय स्थापित कर बनें वन भूमि हस्तांतरण के प्रस्ताव-पाल
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अधिशासी अभिंयता की गैरहाजिरी से डीएम खफा, स्पष्टीकरण मांगा
सीएनई रिपोर्टर, बागेश्वरः विभाग वन भूमि हस्तांतरण प्रस्ताव वन विभाग से मिलकर बनाना सुनिश्चित करें, ताकि कम से कम आपत्तियां लगें। ये निर्देश जिलाधिकारी अनुराधा पाल ने वन भूमि हस्तांतरण संबंधित बैठक में दिए। उन्होंने कहा कि प्रस्तावक विभाग वन विभाग से मिलकर वन भूमि हस्तांतरण प्लान बनाये ताकि नोडल स्तर से कम से कम आपत्तियॉ लगंे व स्वीकृति जल्दी मिल सके। बैठक में लोनिवि के अधिशासी अभियंता की गैरहाजिरी पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिये।
जिलाधिकारी ने कहा विकास कार्यों हेतु वन भूमि हस्तांतरण हेतु राजस्व, वन विभाग व प्रस्तावक विभाग संयुक्त निरीक्षण शीघ्रता से करें व निरीक्षण रिपोर्ट भी जल्द दें। उन्होंने कहा कि नोडल एवं वन संरक्षक स्तर से जिन वन भूमि हस्तांतरण प्रस्तावों में आपत्तियां प्राप्त हुई हैं। उनका तुरंत निस्तारण कर पुनः प्रस्ताव भेजना सुनिश्चित करें। उन्होंने सैद्धांतिक स्वीकृति मिलते ही एनपीवी धनराशि जमा करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिये, ताकि आगे की कार्यवाही शीघ्रता से हो सके। उन्होंने कहा जिन विभागों को क्षतिपूर्वक भूमि चाहिए वे उप जिलाधिकारी से मिलकर क्षतिपूर्वक भूमि चयनित करें।
प्रभागीय वनाधिकारी ने बताया कि जनपद में कुल 46 वन भूमि प्रस्ताव बनाये जाने हैं, जिसमें से 30 प्रस्ताव विभागीय स्तर पर लम्बित हैं जबकि नोडल स्तर पर 09, वन संरक्षक स्तर पर 05, प्रभागीय वनाधिकारी स्तर पर 01 व राज्य स्तर पर 01 है। उन्होंने बताया विभिन्न विभागों के 70 वन भूमि हस्तांतरण प्रस्तावों को सैद्धांतिक स्वीकृति मिल गयी है जिनकी एनपीवी धनराशि जमा होनी है, एनपीवी धनराशि जमा होने के उपरांत ही विधिवत स्वीकृति मिलेगी। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी हिमांशु बागरी, उप जिलाधिकारी हरगिरी, अधिशासी अभियंता पेयजल निगम वीके रवि, विद्युत मो0 अफजाल, सहायक अभियंता लोनिवि, एनच आदि अधिकारी मौजूद थे।