जर्जर भवन के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू
अधिकारियों को शीघ्र एस्टीमेट शासन को भेजने के निर्देश
CNE REPORTER, अल्मोड़ा। राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) लोधिया के लंबे समय से जर्जर पड़े भवन के स्थान पर अब नए भवन के निर्माण की उम्मीद जगी है। उच्च शिक्षा एवं सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने गुरुवार को अल्मोड़ा दौरे के दौरान जीआईसी लोधिया पहुंचकर विद्यालय भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय की स्थिति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को नए भवन निर्माण का शीघ्र एस्टीमेट तैयार कर शासन को भेजने के निर्देश दिए। मंत्री ने भवन निर्माण के लिए जल्द धनराशि स्वीकृत किए जाने पर भी सहमति जताई।
निरीक्षण के दौरान दर्जा प्राप्त मंत्री कुंदन लटवाल भी मौजूद रहे। उन्होंने डॉ. धन सिंह रावत को विद्यालय की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया। विद्यालय भवन की जर्जर स्थिति को देखते हुए उन्होंने नए भवन के निर्माण के लिए आवश्यक धनराशि जल्द जारी करने तथा विद्यालय की अन्य समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करने का अनुरोध किया।
जर्जर भवन के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू
निरीक्षण के दौरान मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने विद्यालय के पुराने भवन की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से भवन के ध्वस्तीकरण की हाल ही में शुरू हुई कार्रवाई के संबंध में जानकारी प्राप्त की। अधिकारियों ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देश के बाद लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की ओर से भवन के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के बाद नए भवन के निर्माण में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। इसके लिए निर्माण कार्य का एस्टीमेट जल्द तैयार कर शासन को भेजा जाए, ताकि आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर धनराशि स्वीकृत की जा सके।
उन्होंने कहा कि विद्यालय भवन की आवश्यकता को देखते हुए सरकार इस मामले में गंभीरता से कार्य कर रही है और नए भवन के निर्माण के लिए जल्द धनराशि उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी।
एफसीआई भवन में चल रही हैं कक्षाएं
जीआईसी लोधिया का पुराना भवन जर्जर होने के कारण फिलहाल विद्यालय की कक्षाएं एफसीआई भवन में अस्थायी रूप से संचालित की जा रही हैं। मंत्री ने इस वैकल्पिक व्यवस्था की भी जानकारी ली और विद्यार्थियों को पढ़ाई के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाओं पर चर्चा की।
डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश सरकार सरकारी विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के साथ-साथ विद्यालयों में आवश्यक आधारभूत सुविधाओं के विकास पर भी विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
वर्ष 1978 में हुई थी विद्यालय की स्थापना
गौरतलब है कि राजकीय इंटर कॉलेज लोधिया की स्थापना वर्ष 1978 में हुई थी। लगभग पांच दशक पुराने विद्यालय भवन की हालत लंबे समय से खराब थी और भवन जीर्ण-शीर्ण अवस्था में पहुंच चुका था। भवन की स्थिति को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों और क्षेत्रवासियों की ओर से लगातार चिंता जताई जा रही थी।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अभिभावकों के अनुरोध के बाद जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने स्वयं मौके पर पहुंचकर विद्यालय भवन का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के बाद उन्होंने भवन की स्थिति को देखते हुए इसके शीघ्र ध्वस्तीकरण के निर्देश दिए थे। जिलाधिकारी के निर्देश के बाद अब पीडब्ल्यूडी की ओर से भवन को ध्वस्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
वाणिज्य शिक्षक का पद भरने की भी मांग
विद्यालय के निरीक्षण के दौरान अभिभावकों ने केवल भवन निर्माण का मुद्दा ही नहीं उठाया, बल्कि विद्यालय में रिक्त चल रहे वाणिज्य शिक्षक के पद को भी शीघ्र भरने की मांग मंत्री के समक्ष रखी।
अभिभावकों ने कहा कि शिक्षक का पद रिक्त होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। उन्होंने विद्यार्थियों के हित में जल्द से जल्द शिक्षक की नियुक्ति किए जाने का आग्रह किया।
मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए एडी माध्यमिक, कुमाऊं को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
नए भवन से विद्यार्थियों को मिलेगी बड़ी राहत
जीआईसी लोधिया का नया भवन बनने से क्षेत्र के विद्यार्थियों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिलने की उम्मीद है। पुराने भवन के जर्जर होने के कारण विद्यार्थियों और शिक्षकों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बनी हुई थी। वर्तमान में अस्थायी भवन में कक्षाएं संचालित होने के कारण विद्यालय को स्थायी भवन की आवश्यकता और अधिक महसूस की जा रही है।
अब मंत्री की ओर से जल्द धनराशि स्वीकृत किए जाने के आश्वासन और अधिकारियों को एस्टीमेट शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश के बाद क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि जीआईसी लोधिया के नए भवन का निर्माण कार्य जल्द धरातल पर दिखाई देगा।
इस दौरान जिला पंचायत सदस्य प्रेम लटवाल, जिला पंचायत सदस्य के प्रतिनिधि खत्याड़ी आनंद कनवाल, रविंद्र खोलिया, मनोज लटवाल, हरीश रावत, प्रताप रावत, विनोद बजेठा, पूरन लटवाल सहित क्षेत्र के अन्य लोग मौजूद रहे।


