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उत्तराखंड के इस जिले में सबसे अधिक प्लास्टिक इकट्ठा करने वाले विद्यार्थी को मिलेगा पुरस्कार

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नैनीताल| जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने ठोस अपशिष्ट कूड़ा प्रबन्धन को लेकर गूगल मीट के माध्यम से अधिकारियों की बैठक ली। बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी ने ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन नियम 2016 का परिपालन हेतु समस्त अधिकारियों को निर्देशित किया।

बैठक लेते हुए डीएम ने मुख्य शिक्षा अधिकारी व खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित किया कि स्कूली विद्यार्थियों के माध्यम से ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन हेतु वृहद जागरूकता अभियान चलाया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में अधिकतर विद्यालय पैदल दूरी पर स्थित होते है। विद्यार्थियों के घर से स्कूल तक पड़ने वाले पैदल मार्गों में यत्र-तत्र बिखरे कूड़े को सम्बन्धित विद्यार्थी के माध्यम से एकत्रित कराया जाए। विद्यार्थी विद्यालय आते समय अपने रास्ते में पड़े हुए प्लास्टिक कूड़े को एकत्रित कर विद्यालय में जमा कराए। इसके लिए विद्यालय में प्रधानाचार्य समस्त विद्यार्थियों द्वारा एकत्रित कूड़े का रिकॉर्ड रखेंगे। सर्वाधिक कूड़े को एकत्रित करने वाले विद्यार्थी को जिला प्रशासन द्वारा सम्मानित किया जाएगा।

ग्रामीण क्षेत्रों में दुकानदार व ग्रामवासी घरेलू कूड़े को कूड़ेदान में डाल सके, इसके लिए अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत 1 हजार से 2 हजार लीटर के कूड़ेदान को विभिन्न स्थलों पर रखना सुनिश्चित करें। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में रूट प्लान बनाते हुए कूड़े को उठाने के लिए कूड़ा वाहन संचालित करें जिससे कूड़ेदान में एकत्रित कूड़ा समय पर निस्तारित किया जा सके।

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इसी कड़ी में ठोस अपशिष्ट कूड़ा प्रबन्धन में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को भी जोड़ा जा रहा है। जनपद के पर्यटक स्थलों मुक्तेश्वर, रामगढ़ आदि में आवश्यकता अनुसार सम्बन्धित अधिशासी अधिकारी मेटीरियल रिकवरी फैसिलिटी सेंटर का प्रस्ताव प्रेषित करें। समूह की महिला इस अभियान में अपना महत्वपूर्ण योगदान देंगी, साथ ही उन्हें प्राप्त आय का अंश भी दिया जाएगी जिससे उनकी आर्थिकी सशक्त होगी।

जिला पंचायत राज अधिकारी को समस्त ग्राम प्रधानों को सोशल मीडिया के माध्यम से जागरूक करने के निर्देश दिए। कहा कि ग्राम पंचायत विकास योजना के अनुसार समस्त ग्राम प्रधान निधि का 60 प्रतिशत स्वच्छ्ता व पेयजल क्षेत्र में ही खर्च करे जिससे स्वच्छ्ता बनी रहे।

परिवहन अधिकारी को निर्देशित किया कि समस्त टैक्सी यूनियन के साथ बैठक कर सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी सवारी प्रतिबंधित प्लास्टिक के साथ यात्रा नहीं करेगी। प्रायः देखा जाता है कि टैक्सी में बैठे सवारी द्वारा कुरकुरे, लेज इत्यादि सामग्री खाकर रैपर को फेक दिया जाता है। टैक्सी में बैठी सवारी कूड़े को नियत स्थान पर डाले इसके लिए टैक्सी चालक टैक्सी में कूड़ेदान या बैग की व्यवस्था सुनिश्चित करें। टैक्सी चालकों द्वारा कड़ाई से उक्त आदेशों के अनुपालन हेतु आरटीओ सघन चेकिंग अभियान चलाए व किसी भी सवारी द्वारा प्रतिबंधित प्लास्टिक के साथ यात्रा करने पर सम्बन्धित टैक्सी चालक की जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई सुनिश्चित करें।

मुख्य नगर आयुक्त व समस्त अधिशासी अधिकारी नगरपालिका को क्षेत्रान्तर्गत प्लास्टिक के थोक विक्रेताओं को चिन्हित कर करवाई, समस्त खण्ड विकास अधिकारी को राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के स्वयं सहायता समूह के सदस्यों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाने, लोनिवि, पीएमजीएसवाई को अपनी सड़कों पर सफाई अभियान चलाने के निर्देश दिए।

इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पंकज भट्ट, मुख्य विकास अधिकारी डॉ संदीप तिवारी, अपर जिलाधिकारी शिव चरण द्विवेदी, अशोक जोशी, परियोजना निदेशक अजय सिंह, मुख्य शिक्षा अधिकारी के एस रावत सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

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