डीएम ने दिए भूमि चयन और निर्माण के सख्त निर्देश
कैचर लिफ्टिंग वाहन न खरीदने पर जवाब तलब
CNE REPORTER, हल्द्वानी: जनपद में सड़कों पर घूम रहे निराश्रित गोवंश के संरक्षण और बेहतर प्रबंधन के लिए जिलाधिकारी कैंप कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल की अध्यक्षता में आयोजित ‘जिला स्तरीय गौशाला स्थापना एवं संचालन अनुश्रवण प्रबंधन समिति’ की इस बैठक में जनपद में 6 नवीन गौसदनों की स्थापना को मंजूरी दी गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि निराश्रित पशुओं के कल्याण के लिए धन की कमी आड़े नहीं आएगी और सभी कार्यदायी संस्थाएं तत्काल भूमि चयन कर निर्माण प्रक्रिया शुरू करें।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने जिला पंचायत की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। ग्रामीण क्षेत्रों में निराश्रित गोवंश को गौसदनों तक पहुंचाने के लिए अभी तक कैचर लिफ्टिंग वाहन क्रय न किए जाने पर उन्होंने अपर मुख्य अधिकारी (जिला पंचायत) को फटकार लगाई। उन्होंने निर्देश दिए कि तत्काल वाहन की खरीद सुनिश्चित की जाए और मालधन चौड़ में गौशाला निर्माण की प्रक्रिया तेज कर सभी आवारा पशुओं को वहां स्थानांतरित किया जाए।
इन क्षेत्रों में होगा गौसदनों का निर्माण
बैठक में विभिन्न क्षेत्रों के लिए कार्यदायी संस्थाएं नामित की गईं और उप जिलाधिकारियों (SDM) को भूमि चिह्नित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई:
- गौलापार: यहाँ बृहद गौशाला की स्थापना होगी। इसके लिए एसडीएम हल्द्वानी को भूमि चयन और जिला पंचायत नैनीताल को निर्माण की जिम्मेदारी दी गई है।
- भीमताल: नगर पालिका भीमताल को कार्यदायी संस्था बनाया गया है, जिसके लिए एसडीएम नैनीताल भूमि तलाशेंगे।
- श्री कैंचीधाम (खैरना क्षेत्र): यहाँ गौसदन निर्माण के लिए नगर पालिका भवाली को जिम्मेदारी दी गई है।
- मालधन चौड़: यहाँ भी प्राथमिकता के आधार पर निर्माण कार्य शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
बजट और संचालन की रणनीति
जिलाधिकारी ने मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित किया कि:
- मालधन चौड़, गौलापार और श्री कैंचीधाम के प्रस्तावित गौसदनों की DPR (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार कर जिला खनिज न्यास निधि से बजट आवंटन के लिए पत्रावली पेश करें।
- गौसदनों के संचालन के लिए तत्काल विज्ञप्ति (Tender) प्रकाशित की जाए।
- निराश्रित गोवंश को सुरक्षित पकड़ने और ले जाने के लिए स्थानीय लोगों को चिह्नित कर उन्हें प्रशिक्षण दिया जाए।
जनप्रतिनिधियों और जनता का सहयोग
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकार द्वारा गोवंश कल्याण के लिए चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी माननीय जनप्रतिनिधियों और आम जनता तक पहुंचाई जाए। उन्होंने नगर पालिकाओं के अधिशासी अधिकारियों और जिला पंचायत को आपसी समन्वय के साथ काम करने पर जोर दिया ताकि शहर और ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों को जल्द से जल्द निराश्रित पशुओं से मुक्त किया जा सके।
बैठक में मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. के.सी. जोशी, नगर आयुक्त परितोष वर्मा, एसडीएम नैनीताल नवाजिश खालिक सहित सभी नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी और संबंधित विभागों के आला अफसर मौजूद रहे।



